Monday, June 8, 2026



 

दिन दहाड़े घर के सामने खड़ी बाइक चोरी
*************************************
***********************************
***************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना उप मंडल के गांव ढाणा के मनोज कुमार के  घर के पास खड़ी बाइक अज्ञात चोर चोरी कर ले गए। कनीना पुलिस में उन्होंने शिकायत दर्ज करवाई है कि सोमवार को दोपहर पश्चात वह घर पर काम कर रहा था और बाइक घर के बाहर खड़ी थी। अज्ञात चोर चोरी कर ले गए। हर जगह तलाश की किंतु कहीं नहीं मिली। उनके बयान पर कनीना पुलिस ने चोरी का मामला दर्ज कर लिया है।

 

 

 

 

 

 

 

आंधी ने मचाया कहर, भारी संख्या में टूटे पेड़ पौधे
-बिजली की नहीं हो पाई आपूर्ति,पेयजल सप्लाई रही ठप
*************************************
***********************************
***************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना में रविवार की रात के समय अंधड़ ने पेड़ों को क्षति पहुंचाई है वहीं बूंदाबांदी भी हुई। अंधड़ इतनी तेज था कि जगह-जगह सड़क मार्ग और खेतों में अनेक पेड़ टूट गए हैं। कई स्थानों पर रास्ता अस्थायी रूप से अवरुद्ध हो गया जिसे लोगों की सहायता से खुलवाया गया। किसी भी सड़क मार्ग पर जाए पेड़ टूटे पड़े हैं। अंधड़ इतनी जोर से था कि लोगों की टीन शेड भी उड़ गई। पेड़ खंभों पर जा गिरे जिससे बिजली की तारें एवं खंभे भी गिर गए। कई स्थानों पर बिजली के तार भी टूट गये। जिससे सोमवार को भी बिजली आपूर्ति दोपहर बाद तक नहीं हो पाई। वैसे भी डीएचबीवीएन के  अधिकारी किसी की शिकायत पर गौर नहीं करते हैं जिसके चलते बिजली आपूर्ति न होने से लोग बेहद परेशान रहे। कनीना के अनेक लोग बिजली की शिकायत लेकर बिजली कार्यालय पहुंचे किंतु उनकी शिकायतों पर गौर नहीं हुआ। सोमवार को देर शाम दोपहर पश्चात तक भी बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई। भीषण गर्मी के दिनों में लोग परेशान नजर आए।
 उधर बिजली आपूर्ति न होने से पेयजल सप्लाई नहीं हो पाई। कनीना कस्बे में पेयजल सप्लाई तभी हो पाती है जब बिजली आपूर्ति सही सलामत हो। वैसे तो पीएचबीवीएन ने केवल कागजों में कनीना अस्पताल और कनीना की पेयजल सप्लाई घर को हाटलाइन से जोड़ रखा है किंतु उपभोक्ताओं  को इसी लाइन से कनेक्शन दे डाले जिसके कारण बिजली आपूर्ति हाटलाइन नहीं बन पाई। आश्चर्य उस समय होता है जब कनीना के मुख्य पेयजल घर तक एक नहीं तीन लाइन देखी जा सकती है जबकि एक लाइन से काम चल सकता है। एक तरफ जहां सरकार को लाखों रुपए की क्षति पहुंचाई जा रही है वहीं उनकी देखरेख कर पाना भी कठिन हो चला है। बार-बार लोग शिकायत कर रहे हैं कि एक ही मुख्य लाइन से जहां पेयजल टंकी को बिजली सप्लाई हो सकती है वही छोटे-मोटे उद्योग धंधों को बिजली आपूर्ति हो सकती है किंतु लगता है कोई सुनने वाला नहीं है। सोमवार दोपहर पश्चात लोग खुद ही पेड़ों की कटाई करके सड़क को साफ करते नजर आए ताकि पेयजल और बिजली आपूर्ति हो सके। क्षेत्र में जून माह में ही जहां तीन बार आंधी और बूंदाबांदी आ चुकी है। हर बार आंधी पेड़ों को क्षति पहुंचती है। यह इसी वर्ष नहीं हर वर्ष गर्मियों के दिनों में अंधड़ द्वारा पेड़ों को भारी क्षति पहुंचाई जाती है। जिस कदर पेड़ टूट रहे हैं उसे कदर नए पेड़ नहीं लगाई जा रहे हैं। लोग दिखावे के लिए पेड़ पौधे लगाते हैं किंतु अगले साल तक वह नष्ट हो जाते हैं।
फोटो कैप्शन 4 व 5: टूटे हुए पेड़ पौधे, सड़क पर गिरे हुए पेड़ पौधे

 
वार्ड एक को विकास से वंचित करने का आरोप
-पेयजल टंकी निर्माण को लेकर पार्षद ने उठाई आवाज
*************************************
***********************************
***************************************
कनीना की आवाज।
वार्ड एक स्थित शिव मंदिर वाली गली में बनी सार्वजनिक पेयजल टंकी की जर्जर स्थिति को लेकर लोग परेशान हैं।  करीब 20 वर्षों से क्षेत्रवासियों को पेयजल उपलब्ध करा रही यह टंकी अब खस्ताहाल हो चुकी है और कभी भी किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। पेयजल टंकी की छत गायब है और तिरपाल डालकर जल उपलब्ध कराया जा रहा है।
वार्ड पार्षद ने आरोप लगाया कि टंकी के पुनर्निर्माण के लिए उन्होंने 27 जून 2025 को नगरपालिका सचिव को लिखित रूप से ज्ञापन सौंपा था, लेकिन इसके बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई। नगरपालिका चेयरपर्सन ने टंकी बनवाने के लिए मना कर दिया। वार्ड पार्षद का कहना है कि वार्ड नंबर 01 के साथ लगातार भेदभाव किया जा रहा है तथा विकास कार्यों को जानबूझकर रोका जा रहा है।
पार्षद के अनुसार पिछले वर्ष टंकी की छत गिर गई थी, जिसके बाद उन्होंने लोगों के सहयोग से अस्थायी रूप से तिरपाल लगवाकर व्यवस्था बनाई। अब टंकी की दीवारें भी कमजोर हो चुकी हैं, और टंकी में पानी भी नहीं रुकता हैं जिससे आसपास के लोगों की सुरक्षा पर खतरा मंडरा रहा है।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि टंकी बंद होने की स्थिति में सैकड़ों लोगों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ेगा। वार्ड में बड़ी संख्या में मजदूर, रेहड़ी संचालक एवं अन्य मेहनतकश परिवार निवास करते हैं, जिनके लिए यह टंकी पेयजल का प्रमुख स्रोत है।
इस बीच वार्ड पार्षद द्वारा डीएमसी को भेजे गए अनुरोध पर सकारात्मक कार्रवाई हुई है। पार्षद ने बताया कि डीएमसी महोदय ने मामले की गंभीरता को देखते हुए हिट वेव में नई पेयजल टंकी के निर्माण के लिए ग्रांट उपलब्ध कराने पर सहमति जताई है। इस निर्णय से क्षेत्रवासियों में खुशी का माहौल है और उन्होंने डीएमसी साहब का आभार व्यक्त किया है।
वहीं दूसरी ओर लोगों ने नगरपालिका प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पिछले एक वर्ष के दौरान वार्ड नंबर 01 के कई महत्वपूर्ण विकास कार्य प्रभावित हुए हैं। इनमें सड़क निर्माण, होलीका दहन स्थल का विकास, धर्मशाला में टीन शेड निर्माण तथा नाली निर्माण जैसे कार्य शामिल हैं।
क्षेत्रवासियों ने मांग की है कि वार्ड नंबर 01 के साथ कथित भेदभाव को समाप्त कर लंबित विकास कार्यों को शीघ्र मंजूरी दी जाए। वार्ड पार्षद ने कहा कि वे जनता के अधिकारों और मूलभूत सुविधाओं के लिए निरंतर संघर्ष करते रहेंगे तथा वार्ड के विकास को किसी भी स्थिति में रुकने नहीं देंगे।
फोटो कैप्शन 01: वार्ड एक में स्थित जर्जर तिरपाल से ढकी पानी की टंकी




गर्मी और लू जमकर सता रही है लोगों को
-बार-बार आसमान की ओर झांकते नजर आए
*************************************
***********************************
***************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना क्षेत्र में जहां पारा 45 डिग्री पार कर गया है वहीीं पेयजल की मांग बढ़ गई है। कहीं भी कोई चैन नहीं मिल रहा है। भीषण गर्मी के चलते लोग बेहद परेशान है। विभिन्न गांवों में लू एवं गर्मी से बीमारों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। अधिकांश समय लोग अपने घरों में बिताते हैं। लोग जब भी बाहर निकलते हैं तो पूरे प्रबंध करके निकलते हैं। मजबूरी में भी लोग बस और ट्रेनों से सफर कर रहे हैं और बहुत परेशान होते हैं।
एक और जहां आसमान से बरसती आग बिजली कटों ने इंसानों को परेशान कर रखा है। सुबह से ही सूरज की तपन बढ़ऩे लग जाती है जो दोपहर तक पूरे यौवन पर होती है। अब तो रात को भी गर्मी पड़ती है।
क्षेत्र में कम से कम ताप 31 डिग्री तो अधिकतम 45 डिग्री पहुंच गया है। अब तो पानी आधे उबाल पर पहुंच गया है।
 कारण मक्खी और मच्छर काम जरूर हो गए हैं परंतु पशुओं को चैन मिल रहा है नहीं इंसानों को जहां पशुओं के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध नहीं हो पता वही इंसानों के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है चारों हाहाकार मचा हुआ है अभी राहत मिलती नजर नहीं आ रही है चलने के कारण परेशानी बढ़ती जा रही है मरीजों की संख्या बढ़ रही है पंख खुला ऐसी सब काम छोड़ गए हैं अब तो बस बारिश का इंतजार है ताकि राहत मिल सके परंतु अभी मौसम विज्ञान के अनुसार कोई रात मिलने वाले नहीं है
कहीं भी देखे बस गर्मी की चर्चाएं ही चल रही हैं। बिजली के कट बढ़ गए हैं जिसके कारण परेशानी बढ़ गई है।
क्या कहते हैं किसान -
किसान दिनेश कुमार, महेश कुमार, सुरेश कुमार, सूबे सिंह, राजेंद्र सिंह आदि ने बताया कि गर्मी के कारण खेतों में ठहर पाना कठिन है। सुबह शाम कभी कभार खेत तक जाते हैं और वापस आ जाते हैं। जिनके घर खेतों में बने हुए उन्हें लू और गर्मी अधिक परेशानी दे रही है। वर्षा का इंतजार है।
 क्या कहती हैं गृहिणी-
गृहिणी शकुंतला ,आशा ,नीलम, दाना आदि ने बताया कि खाना बनाते समय और भी ज्यादा गर्मी लगती है। ऐसे में खाना बनाना भी बहुत दुष्कर हो गया है। गर्मी दिन रात सता रही है। गर्मी के कारण पानी की मांग बढ़ गई है।




सेवा के संकल्प के साथ भारत निर्माण युवा दल का सात दिवसीय युवा शिविर का समापन
-संघ प्रांत संचालक प्रताप ने फूंकी राष्ट्रभक्ति की अलख
*************************************
***********************************
***************************************
कनीना की आवाज।
भडफ़ में आयोजित भारत नि






र्माण युवा दल के सात दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का सोमवार को समापन हुआ। शिविर के मुख्य वक्ता एवं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत संचालक प्रताप ने दल वीरों को भारतीय संस्कृति, गौरवशाली परंपराओं, राष्ट्रभक्ति और समाज सेवा के मर्म से अवगत कराया।
कार्यक्रम की शुरुआत में भारत निर्माण युवा दल के संस्थापक अभिमन्यु यादव ने मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए कहा कि इस शिविर का मूल उद्देश्य युवाओं के भीतर अनुशासन, सेवा भावना और अपनी जड़ों के प्रति गौरव का भाव जागृत करना है। अनुभवी मार्गदर्शकों की छत्रछाया में युवा पीढ़ी को सही दिशा की ओर अग्रसर किया जा रहा है।
प्रांत संचालक प्रताप ने अपने संबोधन में भारतीय संस्कृति को विश्व की सबसे प्राचीन और मानवीय मूल्यों से ओत-प्रोत जीवन पद्धति बताया।
उन्होंने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि आधुनिकता की अंधी दौड़ में हमें अपनी सांस्कृतिक विरासत, माता-पिता के सम्मान और प्रकृति संरक्षण के संकल्प को नहीं भूलना चाहिए। भगवान श्रीराम, श्रीकृष्ण, स्वामी विवेकानंद और छत्रपति शिवाजी महाराज जैसी महान विभूतियों के जीवन का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि देश का भविष्य अब युवाओं के कंधों पर है। सच्ची देशभक्ति केवल नारों में नहीं, बल्कि हमारे नागरिक कर्तव्यों के ईमानदारी से निर्वहन, नशामुक्ति, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक समरसता जैसे धरातलीय कार्यों में झलकनी चाहिए।
युवाओं ने लिया संस्कृति व राष्ट्र सेवा का संकल्प, राष्ट्रगान के साथ हुआ समापन
शिविर के दौरान प्रांत संचालक ने युवाओं के भीतर अनुशासन को जीवन की सबसे बड़ी शक्ति बताया।
मजबूत चरित्र के बल पर युवा शक्ति समाज की कुरीतियों को मिटाकर एक बड़ा परिवर्तन ला सकती है। वैचारिक सत्र के दौरान दल वीरों ने राष्ट्र सेवा और सामाजिक दायित्वों से जुड़े कई सारगर्भित प्रश्न भी पूछे, जिनका उन्होंने अत्यंत आत्मीयता और तार्किकता के साथ समाधान किया।
कार्यक्रम के अंतिम चरण में संस्थापक अभिमन्यु यादव ने मुख्य वक्ता के प्रति आभार व्यक्त करते हुए विश्वास दिलाया कि इस शिविर से प्राप्त पाथेय युवाओं को जीवन भर राष्ट्रहित में समर्पित रहने की प्रेरणा देगा।
फोटो कैप्शन 02 व 03:संबोधित करते राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत संचालक प्रताप।

No comments:

Post a Comment