Not sure how to add your code? Check our installation guidelines **KANINA KI AWAZ **कनीना की आवाज**

Thursday, August 3, 2023

 
डीएसपी के नेतृत्व में जिला पुलिस ने कनीना क्षेत्र में निकाला फ्लैग मार्च

-कानून व शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की।
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कनीना की आवाज। क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस कर्मचारियों ने डीएसपी मोहिंद्र सिंह के नेतृत्व में ककराला, शहर कनीना व अन्य जगहों पर फ्लैग मार्च निकाला गया। इस दौरान उनके साथ थाना शहर कनीना और थाना सदर कनीना प्रबंधक भी मौजूद रहे। उन्होंने आमजन से अपील की कि क्षेत्र में भाईचारा व शांति व्यवस्था बनाए रखें, कानून व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें। शरारती तत्वों की सूचना तुरंत पुलिस को दें। डीएसपी ने कहा कि किसी भी तरह की अमर्यादित भाषा, किसी व्यक्ति विशेष, जाति, धर्म संप्रदाय को आहत करने की मंशा से पोस्ट के रूप में कोई भी वीडियो, फोटो या अभिलेख ना डालें। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर किसी प्रकार की भी कोई गलत अफवाह ना फैलाएं।
डीएसपी ने कहा कि लोगों से यही अपील है कि समाज में आपसी भाईचारा बनाकर रखें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया का प्रयोग सहयोग, आपसी भाईचारे व सौहार्द को बढ़ावा देने के लिए ही करें। गलत काम करने वालों और शरारती तत्वों की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
उन्होंने आमजन से अपील करते हुए कहा कि यदि आपके आसपास कोई भी असामाजिक तत्व, संदिग्ध व्यक्ति या वाहन दिखाई दे या किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत संबंधित थाना या डायल 112 पर इसकी सूचना दें। सूचना देने वाले का नाम गुप्त रखा जाएगा।
फोटो कैप्शन 09 व 10: पुलिस फ्लैग मार्च निकालते हुए।



कनीना की टूटी सड़कें पत्रकार के लिए बनी आफत मोबाइल गिरकर टूटा
-इंद्रजीत अमर उजाला का टूटा फोन, रोष
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कनीना की आवाज। वैसे तो कनीना की सड़कें जगजाहिर है यह बात अलग है कि मुख्यमंत्री के जनसंवाद के लिए प्रशासन के लोगों ने मुख्यमंत्री की आंखों पर पट्टी बांधने के लिए और क्षेत्र की जनता को खुश करने के लिए इनकी मरम्मत का काम किया लेकिन कहते हैं कि लीपापोती केवल आपके काम को कुछ समय के लिए दबा सकती है लेकिन सच्चाई छुपा नहीं सकती और वहीं अब कनीना में फिर से हो रहा है कल की बारिश के बाद करीना की सड़कें एक बार फिर जलमग्न नजर आ रही है और इन टूटी और जलमग्न सड़कों के कारण एक पत्रकार को आपने मोबाइल के प्राण देकर कीमत चुकानी पड़ी। वैसे  पत्रकार महोदय पहले से ही काफी परेशान थे और अब ऊपर से यह मोबाइल का टूटना इनके लिए जले पर नमक छिड़कने का काम कर दिया।
मेरी सभी पत्रकार साथियों से अपील है पत्रकार की पीड़ा को समझते हुए टूटी सड़कों की मांग उठाने के साथ ही टूटे मोबाइल को सरकारी खर्चे से ठीक कराने की मांग भी उठानी चाहिए






 फिर भरा जगह-जगह सड़कों पर पानी,जर्जर हुई सड़कें
-आवागमन में हो रही है परेशानी
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कनीना की आवाज। बुधवार शाम को कनीना क्षेत्र में 35 एमएम बारिश होने के बाद फिर से सड़कों की हालत दयनीय हो गई है। एक और जहां कनीना बस स्टैंड समक्ष गुजरने वाले महेंद्रगढ़ मार्ग पर जगह-जगह पानी भर गया है और सीएम के आगमन को लेकर बनाया गया अस्थाई सड़क मार्ग अब जर्जर हो गया है। क्योंकि इस पर तारकोल न डाले जाने के कारण छिन्न-भिन्न होने हो गया है। सड़क के किनारों पर पानी भर गया है और आवागमन गंदे पानी से हो रहा है। यूं ही वर्षा होती रही तो हालात पहले से भी बदतर हो जाएगी।
 उधर होली वाला जोहड़ पर करीब 300 मीटर रास्ते में फिर से पानी भर गया है। विगत दिनों हुई बारिश का पानी जहां इंजन द्वारा  खाली करके हटाया गया था जो एक बार फिर से भरा खड़ा हो गया है परंतु इस क्षेत्र के लोगों को विश्वास है कि जल्द ही इंजन द्वारा सड़क का पानी निकाल दिया जाएगा। वर्तमान में सड़क पर  फीट पानी खड़ा हो गया है। यह पहला अवसर है जब दोनों सड़क मार्गों ने प्रशासन की नाक में दम कर दिया है। कनीना मंडी की नहर के साथ साथ मार्ग गंदे जल से भर गया है वहीं कनीना थाने के पास से गुजरने वाले तथा अटेली सड़क को जोड़ने वाले मार्ग की हालात अति जर्जर हो गई है।  बार-बार इन सड़कों को अस्थाई रूप से सुधारा जाता है और फिर से यह सड़क मार्ग पहले वाली हालात में चले जाते हैं। जहां होलीवाला जोहड़ पर पंकज एडवोकेट, वेद प्रकाश बाबूजी कुलदीप फिटर आदि ने बताया कि लगातार गत दिनों से इंजन चल रहा है जो जोहड़ के पानी को हटाकर उसे एसटीपी लाइन में डाल रहा है। आने वाले समय में यह पानी खत्म होने की उम्मीद है। परंतु फिलहाल सड़क पर दूर-दराज तक पानी भर गया है जिसको निकालने के प्रयास जारी है। नगरपालिका गंदे पानी को निकाल रही है।
वर्षा ने इस बार किसानों को भी परेशान किया है। उनकी फसल को नष्ट कर दिया है जिसके चलते किसान भी परेशान हो गए हैं। फोटो कैप्शन 07: सड़क मार्ग पर दोनों तरफ भरा पानी
 8: होलीवाला जोहड़ के सड़क मार्ग पर भरा पानी





15 अगस्त तक करवा सकते प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत पंजीकरण
-किसान ले सकते हैं योजना का लाभ
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कनीना की आवाज। किसान अब 15 अगस्त तक प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत पंजीकरण करवा सकते हैं।  खरीफ फसल जिसमें बाजरा और कपास उगाया गया है।
 विस्तृत जानकारी देते ही एडीओ विकास कुमार ने बताया कि निदेशक कृषि तथा किसान कल्याण विभाग हरियाणा पंचकूला के पत्र के अनुसार सभी किसान 15 अगस्त तक अपना फसल बीमा योजना के तहत पंजीकरण करा सकते हैं जिसके लिए किसानों को पटवारी फसल बुआई का प्रमाण पत्र देंगे।






 डा. विकास विकास आफरिया बने महेंद्रगढ़ कृषि विकास अधिकारी संगठन के प्रधान
-नारनौल में हुआ सर्वसम्मति से मनोनयन
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कनीना की आवाज। जिला महेंद्रगढ़ की कृषि विकास अधिकारी संगठन का पुनर्गठन नारनौल उपनिदेशक कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के सभागार में संपन्न हुआ जिसकी अध्यक्षता प्रदेश कार्यकारिणी के वरिष्ठ उपप्रधान डा संजू यादव ने की तथा कृषि विकास अधिकारी संगठन रेवाड़ी के प्रधान डा. संजय यादव में मौजूद रहे।
 इस मौके पर प्रधान डा विकास अफ़रिया, वरिष्ठ उपप्रधान डॉ वीर कुमार, उपप्रधान डा सोनिया, महासचिव डॉ मनोज डाबला, संयुक्त सचिव डॉ अभिषेक, खजांची डा. सत्य प्रकाश, प्रेस सचिव डा. रजनीश तथा मुख्य संरक्षक डॉ देवेंद्र को मनोनीत किया गया। इस मौके पर पूर्व जिला प्रधान डॉ हरीश चंद्र ने फूलमाला पहना कर कार्यकारिणी के पदाधिकारियों का स्वागत किया। इस मौके पर डॉ रवि प्रकाश, डा. प्रदीप, डा. सुमित यादव शहीद महेंद्रगढ़ जिले के सभी कृषि विकास अधिकारी, खंड कृषि अधिकारी एवं तकनीकी सहायकों ने भाग लिया।
 फोटो कैप्शन 6: नवनियुक्त पदाधिकारियों का स्वागत करते हुए डा हरिशचंद्र एवं अन्य।



चीन में खेलने जाएगी छीथरोली की शर्मिला
-होंगजोन में 22 से 28 अक्टूबर तक चलेंगे पैरा एशियन गेम्स
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कनीना की आवाज। छीथरोली की शर्मिला  चीन में खेलने जाएगी। होंगजोन में 22 से 28 अक्टूबर तक पैरा एशियन गेम्स चलेंगे। इस वक्त खेलों की तैयारी में जुटी है। अब तक कई मेडल हासिल कर  नाम कमाया हुआ है। 36 वर्षीय शर्मिला ने बेशक दसवीं तक परीक्षा पास की हो किंतु जिन परिस्थितियों से होकर वो गुजरी है उन पर नजर डाली तो लगता है कि सचमुच नारी कुछ करने की ठान लेती है तो वह कठिन से कठिन काम को करके ही दम लेती है। जब शर्मिला 2 वर्ष की थी बुखार के कारण पोलियो में अपना एक पैर गंवा बैठी थी। मां संतोष गृहणि थी जबकि पिता जय लाल एक जमींदार हैं जिनकी 2014 में दोनों टांगे चली गई थी। शर्मिला की शादी 2005 में कर दी गई दो लड़कियां हुई किंतु शादी अधिक दिनों तक नहीं चली।  शादी के 4 साल बाद अपने पीहर आ गई घर से निकाल दिया गया यही कारण है कि शर्मिला ने जिंदगी भर अपने ससुराल में न जाने का निर्णय किया और कुछ करके दिखाने का फैसला लिया। 2017 में अजीत सिंह जिला रेवाड़ी से संबंध रखने वाले बिजनेसमैन से शादी की जिन्होंने अपनी पत्नी शर्मिला को कुछ कर दिखाने के लिए विकलांग खेलों के लिए प्रेरित किया। परंतु अपनी हिम्मत के कारण वर्ष 2018 में हरियाणा रोडवेज बस कंडक्टर बतौर नियुक्ति हुई। वे हरियाणा की प्रथम महिला परिचालक बनी। रेवाड़ी में खंडोड़ा रोड पर लड़कियों को कालेज तक छोडऩे और घर तक पहुंचाने का कार्य करने लगी। उनकी इस कार्य की सराहना होने लगी किंतु उनके भाग्य में कुछ और ही लिखा था।
 समय बीता और वर्ष 2020 आ गया और उन्हें खेलों के विषय में कोई जानकारी नहीं थी। ऐसे में उन्होंने एसडीएम स्कूल छीथरोली के निदेशक अजमेर सिंह दांगी से सलाह ली। अजमेर सिंह दांगी ने उन्हें आगे तक पहुंचाने के लिए एक प्रयास किया। चूंकि खेलों की कोचिंग के लिए ममहेंद्रगढ़ जिला में बेहतर कोच नहीं होने से तुलाराम  स्टेडियम में चेतन कोच के पास भेजा ताकि कुछ सीखने का मौका मिले और भारत भर में नाम कमा सकें।
 महज एक साल की कोचिंग के बाद ही वर्ष 2021 में पहला नेशनल मेडल शाट पुट में प्राप्त किया। 19वीं पैरा एथलेटिक चैंपियनशिप में उन्होंने नेशनल रिकॉर्ड बनाया और गोल्ड मेडल लेकर नाम कमाया। 2021 में दिसंबर में एक नहीं दो बेंगलुरु में आयोजित तीसरे नेशनल ओपन खेलों में दो मेडल हासिल किये। जहां शाटपुट में सिल्वर तो ज्वेलिन में गोल्ड मेडल प्राप्त किया।
 मार्च 2022 में दुबई में आयोजित 20वीं पैरा एथलेटिक चैंपियनशिप में अपना पिछला रिकार्ड ध्वस्त कर 8.03 मीटर गोला फेंक गोल्ड मेडल हासिल किया। दुबई में वर्ष 2022 में आयोजित खेलों में पांचवां स्थान प्राप्त किया। फिर अगस्त 2022 में इंग्लैंड में आयोजित कामनवेल्थ गेम में चौथा स्थान हासिल किया। परिणाम स्वरूप हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर उनकी प्रतिभा से बहुत प्रभावित हुये और 15 लाख रुपये के पुरस्कार से सम्मानित किया। शर्मिला का हौसला अफजाई करने के लिए 20 सितंबर 2022 को भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए उनसे बात की। तत्पश्चात एक के बाद एक अनेकों मेडल लाकर पूरे भारत में नाम कमाया है।
 इंटरनेशनल वूमेन डे पर बेस्ट वूमेन एथलीट अवार्ड तथा 21 हजार रुपये की राशि हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने प्रदान की। हाल ही में पुणे में आयोजित 21वीं पैरा एथलेटिक्स चैंपियनशिप अपना ही पिछला रिकार्ड ध्वस्त कर गोला फेंक में 8.67 मीटर गोला फेंक राष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड मेडल प्राप्त किया। वहीं डिस्कस थ्रो में कांस्य पदक भी हासिल किया।
  शर्मिला इस समय रेवाड़ी में तुलाराम स्टेडियम ओलंपियन सीनियर कोच टेकचंद से प्रेक्टिस कर रही हैं।  उन्हें पूरा विश्वास है कि एक दिन भारत की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी बनकर नाम कमाएंगी। विषम परिस्थितियां होने पर भी शर्मिला ने जो कार्य कर दिखलाया वह सच में  महिलाओं के लिए एक प्रेरणा का कार्य है।
 फोटो कैप्शन: शर्मिला छीथरोली।



मच्छरों के लार्वा संबंधित दी गई जानकारी
-विभिन्न घरों में पानी स्टोर को भी जांचा
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कनीना की आवाज। कनीना उपमंडल के गांव भोजावास के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सुपरवाइजर राजकुमार ,अमरजीत पड़तल एमपीएचडब्ल्यू तथा आशीष कुमार ने विभिन्न लोगों के घरों में पानी के स्टोर जांचे तथा विभिन्न स्थानों पर खड़ा हुआ पानी भी चेक किया। ग्रामीणों को एंटी लार्वा गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि डेंगू और मलेरिया घातक बीमारी पनप रही है इनसे बचने का एकमात्र इलाज है अपने आसपास पानी को खड़ा न होने दे। उन्होंने बताया कि डेंगू की चार प्रकार है, डेंगू का मच्छर दिन में काटता है क्योंकि मलेरिया का मच्छर हर समय काटता है। उन्होंने मच्छरों से बचने के लिए विभिन्न दवाइयां प्रयोग करने, मच्छरों को भगाने वाले सभी प्रकार की वस्तुएं प्रयोग करने तथा डेंगू जैसी बीमारी से बचने के उपाय बताएं।
 उन्होंने कहा कि डेंगू के समय रोगी अत्यधिक बेचैन रहता है, कभी कभी होश खोने लगता है, रक्तचाप कम हो जाता है, इसलिए ऐसे व्यक्ति को डॉक्टर की सलाह पर पेरासिटामोल लेकर बुखार को कम करना चाहिए, एस्प्रीन आदि न ले,सामान्य रूप से भोजन ग्रहण करें रोगी को आराम दिलाने जरूरी है। उन्होंने कहा कि एडीज मच्छरों से रोग फैलता है इसलिए एडीज से बचना चाहिए। जहां भी पानी खड़ा हो उस पर तेल छिड़क देना चाहिए, मच्छरदानी प्रयोग करके सोना चाहिए, साफ सफाई रखें, जिस बर्तन में भी पानी खड़ा रहता है उसे सप्ताह में 1 दिन साफ कर दे, पानी खड़ा हो वहां तेल का छिड़काव कर दे।
 फोटो कैप्शन 5: मलेरिया के लार्वा की जांच करता सुपरवाइजर राजकुमार




आई फ्लू के प्रभाव के बीच 144वें दिन जारी रहा धरना
-ग्रामीण हैं अनिश्चितकालीन धरने पर
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कनीना की आवाज। राष्ट्रीय राजमार्ग 152-डी पर सेहलंग -बाघोत के बीच कट के लिए ग्रामीणों का धरना 144वें दिन जारी रहा। इस अनिश्चितकालीन धरने की अध्यक्षता कृष्ण कुमार प्रधान सेहलंग ने की।
ककृष्ण कुमार प्रधान सेहलंग ने बताया कि आज धरने को 144 दिन हो गए हैं। क्षेत्र में आई फ्लू की बीमारी दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। इस बीमारी से बचने के लिए धरना स्थल पर पूरी सावधानी बरती जा रही है और धरना भी जारी है। डॉक्टर की सलाह पर उन्हें दवाइयां दी जा रही है। धरने पर बैठे लोगों को परेशानी है, लेकिन सरकार जब तक राष्ट्रीय राजमार्ग 152 डी पर बाघोत-सेहलंग के बीच कट का काम शुरू नहीं करती है, तब तक हमारा धरना जारी रहेगा।
 संघर्ष समिति के सदस्य पहलवान रणधीर सिंह बाघोत, नरेंद्र शास्त्री छिथरोली, धर्मपाल सेहलंग  ने बताया कि सरकार राष्ट्रीय राजमार्ग 152 डी पर बाघोत -सेहलंग के बीच कट बनवाने में देरी कर रही है। हमारी मांग जायज है और सरकार को जायज काम को करवाने में देरी नहीं करनी चाहिए।
इस मौके पर  डॉ लक्ष्मण सिंह, भीम सिंह, ठेकेदार शेर सिंह, रामकुमार , कृष्ण कुमार पंच,  दाताराम,   हंस कुमार, शेर सिंह,   मनोज कुमार करीरा,  मास्टर विजयपाल, सूबे सिंह, वेद प्रकाश, प्यारेलाल, सुरेंद्र सिंह, विजय सिंह,  सज्जन सिंह, अशोक चौहान, भोले साहब, भरत सिंह, प्रधान तेज नौसवा व गणमान्य लोग मौजूद थे।
फोटो कैप्शन 01: धरने पर बैठे ग्रामीण।




कनीना के डा मेहरचंद का निधन, कस्बा में शोक की लहर
-मोलड़नाथ सत्संग मंडल थे संस्थापक, समाज सेवा में हैं उनका अहं नाम
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कनीना की आवाज। कनीना निवासी डा मेहरचंद का निधन हो गया। वे 88 वर्ष के थे तथा अपने पीछे पुत्र पौत्रों सहित भरा पूरा परिवार छोड़ गए हैं। पशु अस्पताल से सेवानिवृत्ति के बाद से जन सेवा में जुटे हुये थे। हंसमुख प्रकृति तथा मिलनसार डॉक्टर मेहरचंद चंद प्रतिदिन घूमने फिरने जाते थे और अखबार आदि पूर्व बिना चश्मे के ही पढ़ लेते थे।
सत्संग मंडल के रहे हैं संस्थापक-
डा मेहरचंद ने वर्ष 1963 में सत्संग मंडल की स्थापना की थी। उन्होंने जन सेवा एवं समाज में व्याप्त बुराइयों को समाप्त करने के उद्देश्य से सत्संग मंडल बनाया था। जब प्रारंभ में कुछ राशि प्राप्त हुई तो उन्होंने पांच सदस्यीय एक कमेटी बनाई जिसका उद्देश्य बाबा मोलड़नाथ आश्रम का उद्धार करना था। आज तक सत्संग मंडल चला आ रहा है।
बाबा मोलड़नाथ के प्रत्यक्षदर्शी रहे हैं-
डा मेहरचंद ने कनीना के संत मोलड़नाथ को अपनी आंखों से देखा था तथा उनके गुणों की चर्चा वो अक्सर करते रहते थे। उनके असामयिक निधन पर कनीनावासियों में में गम है। उनकी अंत्येष्टि में भारी संख्या में कनीना एवं आस पास के लोग पहुंचे।
फोटो कैप्शन: डा मेहरचंद।





एसडी स्कूल ककराला में आयोजित हुई विज्ञान प्रतियोगिता
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कनीना की आवाज।। स्वामी दयानन्द वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ककराला में विज्ञान प्रश्नोत्तरी का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में छठी से आठवीं तक के बच्चों ने भाग लिया। सभी प्रतिभागियों को छह टीमों में विभाजित किया गया। जिसके नाम क्रमश: बिग डिप्पर, हन्टर, ओरियन, पोलस्टार, गे्रट बे्रयर ओर एटलेस रखा गया। इस प्रतियोगिता में पाँच दौर चले। जिसमें सभी टीमों के बीच काँटे की टक्कर रही। पोलस्टार सदन प्रथम रहा। पोलस्टार सदन के पियूष, अनुष्का, योगेश, यश, यंशु व नैन्शी टॉप स्कोर करके अपने सदन को प्रथम स्थान दिलाया। इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य बच्चों में विज्ञान के प्रति रुचि जागृत करना, ज्ञान में वृद्धि करना था।
विद्यालय के निदेशक जगदेव ने बच्चों को विज्ञान का महत्व समझाते हुए उनमें उत्साह जगाया व मनोबल बढ़ाया। इस अवसर पर विद्यालय प्राचार्य ओमप्रकाश , सीईओ  आर एस यादव, उपप्राचार्य पीएस यादव, सीएओ नरेन्द्र यादव, सुनील यादव, ईश्वर सिंह, जोगेन्द्र सिह , स्नेह, इन्दु गेरा व अन्य अध्यापकगण उपस्थित थे।
फोटो कैप्शन 02: एसडी स्कूल में विज्ञान प्रदर्शनी का नजारा।



 सेवानिवृत्त रेलवे गार्ड आज भी कर रहा है अंडरपास की देखरेख
-प्रशासन द्वारा उन्हें सम्मानित करने की मांग
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कनीना की आवाज। कनीना निवासी रेलवे कार्ड से सेवानिवृत्त गुरुदयालमल बेशक बुजुर्ग है किंतु रेलवे संपत्ति को अपनी संपत्ति समझ कर कोई न कोई सेवा में जुटा रहता है। ककराला कनीना रेलवे फाटक पर एक अंडरपास बनाया गया है जहां जब भी बारिश होती तो पानी रुक जाता है, जमा हो जाता है। गुरुदयाल मल उस स्थान पर हर बार सेवा करता देखने को मिलता है जो इस पानी को निकालने में अहम भूमिका निभाता है। अपने साथ एक बेंत रखता है जिसकी सहायता से गंदगी को हटाकर भरा हुआ पानी डीप बोर तक पहुंचाने में मदद करता है ताकि सारा पानी धरती के अंदर चला जाए और धरती में  भूमिगत जल का स्तर बढ़ सके।  आवागमन सुचारू रूप से हो।  उसकी निस्वार्थ सेवा को देखकर क्षेत्रवासी प्रभावित हैं। कनीना के मुकेश नंबरदार, दिनेश, सुरेश आदि ने बताया कि वे विगत 2 महीने से इस गार्ड को देख रहे हैं जब कभी बारिश होती है तो वहां पास में अपनी निस्वार्थ सेवा करते हुए देखा जा सकता है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है इस प्रकार के व्यक्ति को स्वतंत्रता की वर्षगांठ पर जरूर सम्मानित किया जाए।
फोटो कैप्शन 03: अंडरपास का पानी निकालता बुजुर्ग गुरुदयाल मल।






























फसल की धरती पर लेटी
-बारिश का पड़ा है कुप्रभाव
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कनीना की आवाज। बुधवार देर शाम को क्षेत्र में अच्छी खासी बारिश ने फसलों को नुकसान पहुंचाया है। इस समय बाजरा पकान पर पहुंचा हुआ है, भुट्टे आए हुए हैं जिससे वजन बढ़ गया है यही कारण है कि बारिश होते ही बाजरे की फसल खेतों में लेट गई है, फसल को नुकसान होने का अंदेशा बढ़ गया है।
 किसान सूबे सिंह, अजीत कुमार और राजेंद्र सिंह ं किसान खेत में रहते हैं। उन्होंने बताया कि जमकर बारिश हुई है जिसके चलते पकान पर पहुंचे हुए बाजरे के भुट्टे सहित फसल धरती पर लेट गई हैं। फसल को नुकसान होगा। किसानों ने बताया इस बार बारिश की कोई कमी नहीं रही है परंतु बार-बार बारिश होने से फसलों को नुकसान हुआ है। उल्लेखनीय है किबाजरे की फसल किसान अनाज बतौर कम अपितु पशु चारे के लिए आदि उगाते हैं। कड़बी वर्षभर पशुओं के लिए चारे के काम आती है। यह भी सत्य है बाजरे का एमएसपी 2500 रुपये प्रति क्विंटल के मुकाबले गेहूं के समर्थन मूल्य 2125 रुपये प्रति क्विंटल से अधिक है। किसान इसलिए खुश है कि पैदावार अच्छी हो जाए तो आय भी अच्छी हो पाएगी। अपनी पड़ी हुई फसल को खड़ा देखना चाहता है किसान।  है फोटो कैप्शन 04. बाजरे की फसल धरती पर लेटी हुई।

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