Not sure how to add your code? Check our installation guidelines **KANINA KI AWAZ **कनीना की आवाज**

Sunday, April 12, 2026



 




155 किलोमीटर रेल लाइन बनेगा चरखी दादरी से अलवर वाया,कनीना एवं नीमराना
-सर्वे का काम पूर्ण-रिपोर्ट
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
 बहु-चर्चित चरखी दादरी से कनीना-काठूवास होकर अलवर तक 155 किलोमीटर रेलवे लाइन निर्माण कार्य जल्द ही शुरू होगा। मिली जानकारी अनुसार 4000 करोड़ रुपए से यह रेलवे लाइन बनेगी जिससे कई नए स्टेशन बनेंगे।
 मिली जानकारी अनुसार चरखी दादरी, कनीना खास और काठूवास प्रमुख जंक्शन होंगे जबकि नीमराना, ततारपुर क्रासिंग स्टेशन होंगे। साथ में रामनगर, मोड़ी, चिडिय़ां, बाघोत, रामबास, गोमला नांगल जमालपुर, मांढण, नयागांव, जाट बहरोड़ रनोत, जिंदोली आदि हाल्ट बनेंगे। अगर जल्द ही रेलवे लाइन पर काम शुरू हो जाएगा तो निश्चित रूप से कनीना एवं काठूवास आदि के लिए बेहतर लाभ होगा। विगत वर्षों भी यह मामला जोर-शोर से उठाया गया था किंतु अधर में लटका हुआ था। अब रेलवे सूत्रों अनुसार यह सर्वे पूर्ण हो चुका है। 155 किलोमीटर लंबे रूट के लिए 15 नये स्टेशन बनेंगे। एमएल एवं एमपी इस संबंध में रेल मंत्री अश्विनी वष्र्णेय से इस मुद्दे पर चर्चा कर रहे हैं।





कुतरूं प्राचार्य के कारनामे-21 सोमवार को 13 अप्रैल को
-कुतरूं को नमन किया वो दुख पाया, डांट मारकर ही काम करवा पाया




पदाड़ी को बेचा जाता है ईंट भट्ठों को
-3500 रुपए प्रति एकड़ की बिकती है पदाड़ी
-सरसों के धांसे भी बने कीमती
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
एक जमाने में चंद रुपयों में बिकने वाली तूड़ी तथा मुफ्त में मिलने वाली पदाड़ी एवं धांसे अब कीमती बन गए हैं। किसानों के लिए ये अतिरिक्त आय का साधन बन गए हैं। इन्हीं के दम पर हजारों रुपये किसान कमा लेते हैं। अब किसान न तो धांसों को नष्ट करते हैं और न पदाड़ी को बिखेरते हैं। अब तो प्रत्येक गांव में एक या दो लोग इनका स्टाक करके ईंट उद्योगों को पहुंचा रहे हैं जिससे कोयला एवं लकड़ी की मांग घटी है। कुछ लोगों ने गांव गांव में पदाड़ी का स्टाक किया हुआ है जो व्यापार का जरिया बन गया है। पदाड़ी 3500 रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से बिक जाती है।
      अब दूर दराज से लोग पदाड़ी को अपने गन्ने से गुड़ बनाने या ईंट भट्ठा मालिक इसे ईंट पकाने में काम में लेने लगे हैं। वर्तमान युग में पदाड़ी को भारी दामों पर बेचा जाता हैं। कुछ लोग तो पदाड़ी का धंधा ही करने लग गए हैं। पदाड़ी को भारी मात्रा में इकट्ठा कर लिया जाता है और भ_ा मालिकों को बेचा जाता है। जब जब सरसों की कटाई होती है कुछ लोग सक्रिय हो जाते हैं और बेहतर आय पदाड़ी से कमा लेते हैं।
    पदाड़ी की मांग भी दिनोंदिन बढ़ती ही जा रही है। किसान धांसों के बदले सरसों की कटाई करवाने के अलावा पदाड़ी को महंगे दामों पर बेचते आ रहे हैं।  किसान राजेंद्र सिंह, सूबे सिंह, अजीत कुमार, कृष्ण कुमार ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोग पदाड़ी को उनसे मोल ले जाते हैं और एक जगह स्टाक कर लेते हैं जो ईंट भ_ा उद्योगों को बेच दिया जाता है। इस प्रकार किसान एवं पदाड़ी का व्यापार करने वाले खुश हैं।
  किसान गजराज सिंह, योगेश कुमार, महेंद्र, महिपाल आदि ने बताया कि धांसे न केवल ईंधन का विकल्प है अपितु गरीब तबके के लोग जो चूल्हे से खाना बनाते, धांसों को वरदान समझते हैं। धांसों को किसान सरसों कटाई के समय उखाड़ लेते हैं और इक_ा कर वर्षभर प्रयोग करते हैं।
 एक वक्त था जब सरसों के धांसों को लोग उखाड़ कर नहीं लाते थे आज उनकी की कीमत बढ़ गई है। किसान फसल कटाई के साथ-साथ जहां धांसों को इकट्ठा करते हैं। इन्हें ईंधन के विकल्प के रूप में प्रयोग करते हैं।
 किसान सूबे सिंह, राजेंद्र सिंह, अजीत कुमार, योगेश कुमार आदि ने बताया कि धांसों को काटकर सूखा लिया जाता है और इनको खाना बनाने के लिए प्रयोग में लाते हैं। कुछ किसान पशुओं का आहार पकाने में भी उनका उपयोग करते हैं। धांसों को लोग इकट्ठा करके अपने घर आंगन में कहीं जमा कर लेते हैं और कई महीनों तक विशेषकर ईंधन के विकल्प के रूप में प्रयोग करते हैं। चाहे ये कम ऊष्मा प्रदान करते हो किंतु गरीब तबके के लोगों के लिए धांसे बहुत कीमती माने जाते हैं। किसान इन धांसों को उखाड़ कर अपने लिए प्रयोग करते हैं या आसपास के लोग उन्हें उखाड़ कर ले आते हैं। इस बार तो गैस सिलिंडर की कमी समझते हुए किसान खेतों से धांसे उखाड़कर ला रहे हैं।
 फोटो कैप्शन 07: पदाड़ी का किया गया स्टाक
 08: खेत से धांसे उखड़ता किसान




580 क्विंटल सरसों की निजी स्तर पर हुई खरीद, रविवार को भी हुई खरीद
- गेहूं की खरीद 6460 क्विंटल हुई
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
 कनीना की नई अनाज मंडी स्थित चेलावास में सरसों और गेहूं की खरीद जारी है। जहां सरकारी तौर पर सरसों की कोई खरीद नहीं हो पाई है। मिली जानकारी अनुसार रविवार को 580 क्विंटल निजी स्तर पर सरसों खरीदी गई जिसका भाव 6210 से लेकर 6350 रुपए प्रति क्विंटल तक रहा।
रविवार को 205 जमीदारों की 6460 की क्विंटल गेहूं खरीदी गई। 8000 क्विंटल गेहूं की लिफ्टिंग भी की जा चुकी है। क्योंकि खरीद जोर शोर से जारी है। अब भविष्य में गेहूं की खरीद की आवक और खरीद बढऩे की संभावना है। इस बार पुरानी अनाज मंडी में नहीं खरीदा गया गेहूं।
 फोटो कैप्शन 06: कनीना अनाज मंडी में गेहूं की खरीद का नजारा



 शोर शराबे के बगैर नहीं रह पाती आधुनिक पीढ़ी
-मोबाइल तो उनके रग रग में बस गया -वीरेंद्र सिंह
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
 वैसे तो शोर कम से कम दो दर्जन बीमारियों का घर है किंतु आधुनिक पीढ़ी शोर शराबे में ही जीवन व्यतीत करती है तथा उन्हें शोर पसंद हैं। जब से मोबाइल आए हैं तो कानों में लीड लगाकर संगीत सुनते रहते हैं परंतु या तो शोर शराबा या फिर संगीत उनकी पसंदीदा चीज है। जब किसी बाइक सवार युवा को देखें तो वह अपने साथियों को बुलाने के लिए भी होर्न बजते रहते है। कभी-कभी तो घर के पास होर्न इतना बजाते हैं कि वे बुलाना चाहते हैं किसी को और दो तीन घरों के लोग बाहर निकलकर आ जाते हैं। बाइक पर चलते चलते जोर जोर से होर्न बजाते जाने की आदत बन गई है। एक और डाक्टर और वैज्ञानिक मानते हैं कि शोर प्रदूषण है किंतु आधुनिक पीढ़ी शोर से खुश होती है। उन्हें तो शोर भी संगीत नजर आता है। यहां तक कि कुछ युवा पीढ़ी के जन तो हगते, मूतते, हंसते, रोते या स्नान करते समय भी मोबाइल से कुछ न कुछ संगीत या शोर की चीज सुनते रहते हैं। यही कारण है कि आजकल की पीढ़ी में जहां कान भी कमजोर होते जा रहे हैं वही आंखें भी कमजोर होती जा रही हैं। अब तो बच्चों को खुश करने के लिए भी शोर शराबे किए जाते हैं। या तो टीवी पर या एलसीडी पर या मोबाइल पर उन्हें शोर शराबे के नृत्य आदि दिखाये जाते हैं।  विशेष कर छोटे बच्चों के काम तो बहुत ही संवेदनशील होते हैं ऐसे में उन पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ता है। शोर के बगैर आधुनिक पीढ़ी जीवित नहीं रह पाती। यूं कहा जाए कि युवा पीढ़ी शोर के सहारे चलती है तो गलत नहीं होगा। यही कारण है कि अधिकांश घटनाएं उस वक्त होती हैं जब युवा शोर में लीन होते हैं। आजकल बुजुर्ग कम रह गए हैं। बुजुर्ग बड़े ही शांतप्रिय जीवन जीना चाहते हैं। आने वाली पीढ़ी बहुत ही शोर शराबे में जीएगी और इससे आगे जो पीढ़ी आएगी उनके बारे में तो महज कल्पना कर सकते हैं।
 युवा पीढ़ी तो क्या मोबाइल ने तो हर इंसान की जिंदगी बदलकर रख दी है। मोबाइल को हर इंसान अपने पास रखता है। महिला खाना बनाते समय भी मोबाइल रखती है तो व्यापारियों के लिए तो अहम चीज मोबाइल बन गई है। बूढ़े बड़े भी अब तो मोबाइल से चिपके देखे गए हैं। यह सत्य है कि लोग हगने मूतते वक्त भी मोबाइल प्रयोग करते हैं। चरवाहा भी मोबाइल प्रयोग करता है क्योंकि मोबाइल से लाभ तो अनेक हैं किंतु इसका दुरुपयोग करना घातक साबित होता है। ऐसे में मोबाइल के लाभ के साथ-साथ इसके हानियां अधिक है।मोबाइल अनेक बीमारियों का घर है किंतु अकेलेपन को दूर करने में भी है भूमिका निभाता है। लंबे समय तक शिक्षण कार्य करने वाले वीरेंद्र ढाणा मोबाइल के लाभ व हानियों की चर्चा कर लोगों को जागरूक कर रहे हैं।
फोटो कैप्शन: वीरेंद्र ढाणा




इतिहास कभी नहीं भुला पाएगा 13 अप्रैल का दिन
-जलियांवाला बाग हत्याकांड में मारे गये थे करीब 379 व्यक्ति
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
13 अप्रैल 1919 पंजाब के जलियावाला बाग हत्याकांड की याद दिलाता है। जब हजारों लोग घायल हो गये थे तथा करीब 379 लोग मौत के मुंह में चले गये थे। निर्दोष लोगों पर जो बैसाखी पर्व की खुशी मनाने के लिए इक_ा हुए थे और उन निहत्थों पर जनरल डायर ने गोलियां बरसाकर जघन्य अपराध किया था। इस संबंध में इतिहासकारों के विचार इस प्रकार हैं-
प्रथम विश्वयुद्ध में अंग्रेजों की मार्मिक अपील पर भारतीयों ने तन मन धन से अंग्रेजों की मदद की और विदेश जाकर शहादत दी। उस वक्त अंग्रेजों ने आश्वासन दिया था की युद्ध के बाद भारत को स्वशासन प्रदान करने की दिशा में प्रयास किया जाएगा लेकिन बदले में रोलेट एक्ट मिला । प्रथम विश्व युद्ध के दुष्प्रभाव एवं सरकार की दमनकारी नीतियों की वजह से भारतीय जनमानस में एक आक्रोश पैदा हो रहा था जिससे भयभीत होकर ब्रिटिश सरकार ने रौलेट एक्ट पास कर दिया। यह एक ऐसा काला कानून था  जिसके तहत किसी भी भारतीय को ब्रिटिश सरकार संदेह के आधार पर गिर तार कर सकती थी और वह व्यक्ति अपने बचाव में ना अपील कर सकता था ना दलील कर सकता था ना वकील कर सकता था। तो स्वाभाविक रूप से इस काले कानून के खिलाफ पूरे भारत में तीव्र प्रतिक्रिया हुई और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने इसके विरोध में 6 अप्रैल 1919 को राष्ट्रीय स्तर की हड़ताल का आह्वान किया। पंजाब क्षेत्र में भी इसी तरह की पूर्ण हड़ताल रही और इस हड़ताल के दौरान ब्रिटिश सरकार ने पंजाब के बड़े नेताओं डा सत्यपाल और सैफुद्दीन किचलू को गिर तार कर लिया जिसके विरोध में अमृतसर के जलियांवाला बाग में 13 अप्रैल 1919 इस्वी को बैसाखी के पर्व के दिन एक सभा बुलाने का निर्णय किया गया।  इस दौरान स्वामी श्रद्धानंद के आह्वान पर महात्मा गांधी ने 10 अप्रैल को पंजाब के लोगों से मिलने का कार्यक्रम बनाया लेकिन उनको पलवल रेलवे स्टेशन पर ही रोक लिया गया और गिर तार करके वापस मुंबई भेज दिया। सरकार की इस तरह की दमनकारी नीतियों रौलेट एक्ट के प्रतिरोध और पंजाब के लोकप्रिय नेताओं की रिहाई के लिए 13 अप्रैल 1919 को अमृतसर के जलियावाला बाग में एक सभा बुलाई गई और उस दिन पंजाब का लोकप्रिय त्यौहार वैशाखी भी था इस सभा में लगभग 20 हजार के करीब लोग शामिल हुए जो निहत्थे थे और शांतिपूर्ण तरीके से सभा करके सरकार से मांग कर रहे थे अपने नेताओं की रिहाई की लेकिन इसी दौरान पंजाब के गवर्नर माइकल ओ डायर के आदेश पर सेना अधिकारी जनरल डायर ने निहत्थे जनता के ऊपर बगैर चेतावनी दिए गोलियां चलवाई और यह गोलियों  के खत्म होने तक जारी रही।
-- प्रो. कर्मवीर
जलियांवाला बाग में 13 अप्रैल 1919 को हजारों लोगों को माइकल ओ डायर मौत के घाट उतारा गया था। जो बहुत ही निंदनीय कार्य था। इसी दिन जलियांवाला बाग में एक 20 वर्ष का उद्यम सिंह भी पानी पिलाने का कार्य कर रहा था और उसने अपनी आंखों के आगे जब इस नरसंहार को देखा तो उसने शपथ ली संकल्प किया कि मैं इसका बदला लूंगा और वह बदला उसने पूरा किया।  21 साल के बाद 1940 में लंदन में जाकर तत्कालीन पंजाब के गवर्नर माइकल ओ डायर की हत्या करके बदला लिया।। तो इस तरह से जलियांवाला बाग हत्याकांड ने भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन को एक तरफ जहां आक्रामकता प्रदान की जिससे आगे चलकर क्रांतिकारी आंदोलन चला और भगत सिंह राजगुरु सुखदेव जैसे हजारों नव युवकों ने अपने प्राणों की आहुति देकर आजादी को निकट लाया गया दूसरी तरफ गांधी जी के नेतृत्व में राष्ट्र्रव्यापी आंदोलनों की पृष्ठभूमि तैयार हुई जिसके परिणाम स्वरूप असहयोग आंदोलन और आगे चलकर सविनय अवज्ञा आंदोलन और भारत छोड़ो आंदोलन चले और अंतत भारत को आजादी हासिल हुई।
 -प्रो.डा शर्मिला यादव
हर वर्ष 13 अप्रैल को जलियांवाला बाग में हुए मासूम लोगों के हत्याकांड को याद करने के लिए और उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए इस दिन को राष्ट्रीय शोक दिवस के रूप में मनाया जाता है। बैसाखी के दिन 13 अप्रैल 1919 को जलियांवाला बाग में भारी नरसंहार की वजह से भारतीय इतिहास में जलियांवाला बाग एक प्रसिद्ध नाम और जगह बन गया । ब्रिटिश सरकार के बढ़ते अत्याचारों और रोलेट एक्ट नाम के काले कानूनों का विरोध करने के लिए जनता पंजाब के अमृतसर जिले के जलियांवाला बाग में शांति प्रिय रूप से विरोध प्रदर्शन कर रही थी। किंतु ब्रिटिश सरकार के विरुद्ध किसी भी विरोध को कुचलने के लिए आमादा ब्रिगेडियर जनरल डायर ने मासूम जनता पर सैनिकों को गोलाबारी करने के आदेश दिए जिसके परिणाम स्वरूप हजारों की संख्या में लोग घायल हुए तथा मारे गए ।
 - विजयपाल प्राचार्य एवं इतिहासकार
ब्रिटिश सरकार के विरोध में अपनी जान गंवाने वाले इन शहीदों की याद में यहां पर एक स्मारक बनाया गया है जो एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय स्थान के रूप में प्रख्यात है।
यह दिवस आज भी राष्ट्र को यह याद दिलाता है कि हमारे स्वतंत्रता सेनानियों एवं राष्ट्र प्रेमियों ने इस देश को अंग्रेजों से आजादी दिलाने के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए थे और हमें इस स्वतंत्रता की रक्षा करने के लिए भरसक प्रयास करने चाहिए।
    -नरेश कुमार शिक्षक
फोटो कैप्शन: प्रो डा. शर्मिला, प्रो कर्मवीर तथा नरेश कुमार, प्राचार्य विजयपाल



कनीना मंडी में निश्शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन
-40 मरीजों ने उठाया शिविर का लाभ
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
कनीना मंडी स्थित लाला शिवलाल धर्मशाला में सेवा भारती, कनीना एवं उजाला सिग्नस अस्पताल रेवाड़ी के संयुक्त तत्वावधान में एक विशाल निश्शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया गया।
इस स्वास्थ्य शिविर में क्षेत्र के लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। शिविर में विशेष रूप से पेट, आंत एवं लीवर रोगों सहित अन्य सामान्य बीमारियों की जांच एवं परामर्श दिया गया। साथ ही ब्लड शुगर सहित अन्य आवश्यक जांचें भी निश्शुल्क की गईं।
विशेषज्ञ डाक्टरों ने मरीजों की जांच कर उन्हें उचित परामर्श एवं उपचार संबंधी जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर आयोजकों ने बताया कि सेवा भारती का निर्माणाधीन चेरिटेबल अस्पताल शीघ्र ही जनता की सेवा के लिए तैयार होने जा रहा है, जहां विभिन्न रोगों के विशेषज्ञ चिकित्सक आमजन के लिए स्थायी रूप से उपलब्ध रहेंगे।
शिविर के सफल आयोजन में कैंप आर्गेनाइजर प्रताप यादव, डा. पीयूष,डीएम गैस्ट्रोलाजी एवं डॉ. हर्ष कुमार,सामान्य रोग विशेषज्ञ का विशेष योगदान रहा। इसके अतिरिक्त कृष्णा यादव, मुस्कान, पवन कुमार, सुरेश शर्मा शाखा अध्यक्ष, संरक्षक शिव कुमार अग्रवाल, योगेश कुमार अग्रवाल(प्रचार प्रमुख तथा शाखा उपाध्यक्ष नवीन कुमार मित्तल ने व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संचालित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
शिविर के दौरान लोगों में उत्साह देखने को मिला और स्थानीय नागरिकों ने इस पहल की सराहना करते हुए भविष्य में भी ऐसे आयोजन नियमित रूप से कराने की अपेक्षा व्यक्त की। इस मौके पर 40 मरीजों ने जांच करवाई एवं परामर्श लिया।
फोटो कैप्शन 03: स्वास्थ्य जांच करते हुए डाक्टर




एसडी वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ककराला में  अध्यापक-अभिभावक बैठक का आयोजन
-775 से अधिक अभिभावकों ने लिया भाग
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
एसडी वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, ककराला में कक्षा नर्सरी से पांचवीं तक के अध्यापक-अभिभावक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में 775 से अधिक अभिभावकों ने भाग लेकर छात्रों के प्रति अपनी जिम्मेदारी एवं अध्यापक-अभिभावक बैठक के महत्व को समझने का परिचय दिया। विद्यालय प्रधानाचार्या शिप्रा सारस्वत ने अपने वार्षिक पाठ्यक्रम के बारे में विस्तृत वर्णन करते हुए बताया कि एसडी विद्यालय खेल एवं गतिविधियों के माध्यम से पढ़ाई करवाता है ताकि बच्चा उसे मनोरंजन के साथ सीखे। सभी अभिभावकों ने अग्रिम सोच का परिचय देते हुए बच्चों के भविष्य के लिए विद्यालय प्रबंधन व सभी संबंधित अध्यापकों के साथ अध्ययन संबंधी समस्याओं के समाधान, शैक्षिक उपलब्धियों के साथ-साथ अन्य गतिविधियों व विषयों पर विमर्श किया। अभिभावकों ने अपने बच्चों की दिनचर्या उनके व्यवहार समय-सारिणी, रुचि आदि से संबंधित पहलुओं से प्रबंधन व संबंधित अध्यापकों से परिचित करवाया और अपने बच्चों की रिपोर्ट लेने में काफी रुचि दिखाई।
विद्यालय सीएओ नरेन्द्र यादव ने अध्यापक-अभिभावक बैठक के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि बैठक जागरूक अभिभावकों के लिए अध्यापकों से समय-समय पर विचार विमर्श करने व बच्चों के लिए सही मार्ग का चुनाव व सहयोग का आधार है। अध्यापक एवं अभिभावकों  का विचार-विमर्श छात्र के जीवन को नई दिशा प्रदान करता है। बच्चे के शैक्षणिक विकास में विद्यालय के साथ-साथ अभिभावक की भी अहम् भूमिका होती है।
इस अवसर पर विद्यालय डिप्टी डायरेक्टर पूर्ण सिंह, कोआर्डिनेटर स्नेहलता, सहित सभी कोआर्डिनेटर्स एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।
फोटो कैप्शन 01: एसडी स्कूल में पीटीएम का नजारा


5 महीने में भर गया है कालरवाली जोहड़
-खोदाई के बाद नजर आ रहा है जल ही जल
***********************************
*****************************************
*********















**************************
कनीना की आवाज। यूं तो कनीना के दो प्रमुख जोहड़ कालरवाली और होलीवाला दोनों की खोदाई करके पानी डालने का कार्य शुरू हो गया है। संपूर्ण कस्बे का गंदा पानी इन दोनों जोहड़ों में आता है। सबसे ज्यादा पानी कालरवाली जोहड़ में तत्पश्चात होलीवाला जोहड़ में आता है। कलरवाली जोहड़ की पांच माह पहले खोदाई की गई थी जो अब लबालब गंदे पानी से भरा हुआ है। वही जोहड़ ने दर्जनों हरे पेड़ों को लील लिया है। वहीं सड़क मार्ग को भारी हानि पहुंचाई है। कई बार इसका गंदा जल घरों में घुस गया और बहुत से लोगों को परेशान किया है। सरकार की ओर से इस जोहड़ की खुदाई करवाई गई, गहरा करवाया गया किंतु 5 महीने में ही यह पूरा भरा खड़ा हुआ है। इस समय इसका पानी निकालकर सीवर ट्रीटमेंट प्लांट तक पहुंचाया जाएगा।
 उधर होलीवाला जोहड़ भी अब भरने लगा है। जल्दी यह जोहड़ भी पूरा भर जाएगा। सैकड़ों वर्षों के बाद इन जोहड़ों की सफाई एवं खोदाई करवाई गई है। आश्चर्य यह है कि उनकी पैमाइश भी ढंग से नहीं करवाई गई और न ही अतिक्रमण हटाया गया। लोगों को आशा थी कि इन जोहड़ों के चारों ओर घूमने की व्यवस्था भी की जाएगी किंतु व्यवस्था तो दूर इन जोहड़ों की खुदाई करके आनन फानन में गंदा जल भरने की कार्रवाई शुरू कर दी।
फोटो कैप्शन 05: कालरवाली जोहड़



3 दिनों से पेयजल व्यवस्था ठप, टैंकरों से भर रहे उपभोक्ता पेयजल
- वाटर सप्लाई की मुख्य मोटर जली, उपभोक्ता परेशान, अतिरिक्त मोटर की हो व्यवस्था
***********************************
*****************************************
***********************************
कनीना की आवाज।
 कनीना -रेवाड़ी सड़क मार्ग पर स्थित मुख्य जलघर एवं सप्लाई केंद्र पर 40 हार्स पावर की मुख्य मोटर खराब जाने के कारण कनीना कस्बा में पेयजल सप्लाई 3 दिनों से नहीं हो पा रही है जिसके चलते उपभोक्ता परेशान हैं। अब तो टैंकर मंगवाकर उपभोक्ता पेयजल की आपूर्ति कर रहे हैं।
 उपभोक्ता सुरेंद्र कुमार, दीना, महेश, राखी, सुनीता आदि ने बताया कि 3 दिनों से पेयजल के लिए उपभोक्ता तरस रहे है और दूर दराज से सिर पर पानी लाकर घरों में आपूर्ति की जा रही हैं। कुछ लोग टैंकर मंगवाकर पेयजल की आपूर्ति कर रहे हैं। उच्चाधिकारी इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
 उपभोक्ताओं का कहना है कि हर वर्ष यही हालत बनती है परंतु अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं देते जिसके चलते उपभोक्ता बेहद परेशान है। गर्मी में पेयजल सप्लाई न होने से परेशानी बढ़ जाती है। इस संबंध में एक्सईन प्रदीप कुमार ने शनिवार शाम तक समस्या समाधान की बात कही थी किंतु समस्या आज भी जस की तस है।
उधर पर जल सप्लाई केंद्र से मिली सूचना अनुसार खराब हुई मोटर को शनिवार के दिन  निकाल लिया गया था और उसे ठीक करवाने के लिए भेज दिया गया है लेकिन रविवार तक भी ठीक करवाकर समस्या का समाधान नहीं किया गया था।
 फोटो कैप्शन 04: टैंकरों से उपभोक्ता जल भरते हुए

Saturday, April 11, 2026



 




878 क्विंटल सरसों की निजी स्तर पर हुई खरीद, रविवार को भी होगी खरीद
- गेहूं की कुल खरीद 12385 क्विंटल पहुंची, पुरानी अनाज मंडी में गेहूं की खरीद नहीं हुई
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना की नई अनाज मंडी स्थित चेलावास में सरसों और गेहूं की खरीद जारी है। जहां सरकारी तौर पर सरसों की कोई खरीद नहीं हो पाई है। मिली जानकारी अनुसार शनिवार को 878 क्विंटल निजी स्तर पर सरसों खरीदी गई जिसका भाव 6205 से लेकर 6350 रुपए प्रति क्विंटल तक रहा। अभी तक  निजी स्तर पर कुल 12385 क्विंटल सरसों खरीदी जा चुकी है। शनिवार को 31 किसान सरसों बेचने आए।
 गेहूं की अब तक कुल खरीद 21441 क्विंटल पहुंच गई है। शनिवार को 235 जमीदारों की 7678 की क्विंटल गेहूं खरीदी गई। अब तक 684 किसानों का गेहूं खरीदा जा चुका है। 5590 क्विंटल गेहूं की लिफ्टिंग भी की जा चुकी है। क्योंकि खरीद जोर शोर से जारी है। अब भविष्य में गेहूं की खरीद की आवक और खरीद बढऩे की संभावना है। इस बार पुरानी अनाज मेंडी में नहीं खरीदा गया गेहूं।
 फोटो कैप्शन 07: कनीना अनाज मंडी में गेहूं की खरीद का नजारा




5 महीने में भर गया है कालरवाली जोहड़
-खोदाई के बाद नजर आ रहा है जल ही जल
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
 यूं तो कनीना के दो प्रमुख जोहड़ कालरवाली और होलीवाला दोनों की खोदाई करके पानी डालने का कार्य शुरू हो गया है। संपूर्ण कस्बे का गंदा पानी इन दोनों जोहड़ों में आता है। सबसे ज्यादा पानी कालरवाली जोहड़ में तत्पश्चात होलीवाला जोहड़ में आता है। कलरवाली जोहड़ की पांच माह पहले खोदाई की गई थी जो अब लबालब गंदे पानी से भरा हुआ है। वही जोहड़ ने दर्जनों हरे पेड़ों को लील लिया है। वहीं सड़क मार्ग को भारी हानि पहुंचाई है। कई बार इसका गंदा जल घरों में घुस गया और बहुत से लोगों को परेशान किया है। सरकार की ओर से इस जोहड़ की खुदाई करवाई गई, गहरा करवाया गया किंतु 5 महीने में ही यह पूरा भरा खड़ा हुआ है। इस समय इसका पानी निकालकर सीवर ट्रीटमेंट प्लांट तक पहुंचाया जाएगा।
 उधर होलीवाला जोहड़ भी अब भरने लगा है। जल्दी यह जोहड़ भी पूरा भर जाएगा। सैकड़ों वर्षों के बाद इन जोहड़ों की सफाई एवं खोदाई करवाई गई है। आश्चर्य यह है कि उनकी पैमाइश भी ढंग से नहीं करवाई गई और न ही अतिक्रमण हटाया गया। लोगों को आशा थी कि इन जोहड़ों के चारों ओर घूमने की व्यवस्था भी की जाएगी किंतु व्यवस्था तो दूर इन जोहड़ों की खुदाई करके आनन फानन में गंदा जल भरने की कार्रवाई शुरू कर दी।
फोटो कैप्शन 05: कालरवाली जोहड़





तीन दिवसीय जनगणना प्रशिक्षण शिविर का सफल समापन
-100 प्रशिक्षणार्थियों ने लिया प्रशिक्षण
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
राजकीय माडल संस्कृति स्कूल, कनीना में भारत की आगामी जनगणना 2027 के अंतर्गत प्रगणको  एवं सुपरवाइजरों के लिए आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का सफलतापूर्वक समापन हुआ। प्रशिक्षण के तीसरे दिन जिला स्तरीय प्रशिक्षकों डा. हरिओम भारद्वाज, डा. दिनेश कुमार, डा. शोएब खान एवं डा. रवि शंकर ने लगभग 100 प्रशिक्षणार्थियों को जनगणना से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदुओं की विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की।
प्रशिक्षकों ने विशेष रूप से हाउस लिस्टिंग की प्रक्रिया को विस्तार से समझाते हुए बताया कि यह जनगणना का आधारभूत चरण है, जिसमें प्रत्येक घर की सही पहचान और विवरण अत्यंत आवश्यक है।
समापन सत्र में प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, कनीना मंडी के प्राचार्य नरेश कुमार कौशिक ने कहा कि जनगणना एक एक राष्ट्रीय महत्व का कार्य है, जिसे पूरी जिम्मेदारी, गोपनीयता एवं सटीकता के साथ संपन्न करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि यदि आधार मजबूत होगा तो परिणाम भी उत्कृष्ट होंगे, इसलिए प्रथम चरण में पूरी एकाग्रता और सावधानी के साथ कार्य करना अत्यंत जरूरी है।
इस अवसर पर डा. हरिओम भारद्वाज ने कहा कि जनगणना कार्य में आंकड़ों की गुणवत्ता और गोपनीयता बनाए रखना सर्वोपरि है, ताकि सही और विश्वसनीय जानकारी उपलब्ध हो सके। उन्होंने बताया कि गृह मंत्रालय द्वारा संचालित इस महत्वपूर्ण कार्य को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करना सभी की जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में राजेश कुमार कानूनगो ने व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संचालित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों के लिए दृश्य-श्रव्य सामग्री, भोजन, चाय एवं जलपान की उत्कृष्ट व्यवस्था की गई, जिसकी सभी प्रतिभागियों ने सराहना की।
प्रशिक्षण के समापन पर सभी प्रतिभागियों ने संतोष व्यक्त करते हुए इसे अत्यंत उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताया। उल्लेखनीय है कि जनगणना प्रशिक्षण के दो चरण पूर्ण हो चुके हैं, जबकि आगामी 15 अप्रैल से तीसरे एवं चौथे चरण के प्रशिक्षण का आयोजन किया जाएगा।
फोटो कैप्शन 05: जनगणना की जानकारी देते हुए डा. हरिओम






ई-रिक्शा में गांजा बेचते हुए एक आरोपी गिरफ्तार, 63 ग्राम गांजा पत्ती बरामद
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
पुलिस अधीक्षक दीपक के निर्देशानुसार जिले में नशा तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए थाना शहर महेंद्रगढ़ की पुलिस टीम ने ई-रिक्शा में गांजा बेचते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। आरोपी के कब्जे से 63 ग्राम गांजा पत्ती बरामद की गई है। दिनांक 10 अप्रैल को पुलिस टीम ब्रह्मदेव चौक महेंद्रगढ़ के पास गश्त कर रही थी। इसी दौरान उन्हें एक गुप्त सूचना मिली कि लालाराम नाम का व्यक्ति अपनी ई-रिक्शा में सवार होकर रेलवे स्टेशन की तरफ से अनाज मंडी होते हुए माजरा चुंगी की ओर गांजा बेचने जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए अनाज मंडी महेंद्रगढ़ के पास नाकाबंदी कर दी। कुछ ही देर में एक शख्स ई-रिक्शा से आता दिखाई दिया, जिसे काबू करके पूछताछ की।
पूछताछ में पकड़े गए व्यक्ति की पहचान लालाराम निवासी गांव झुक महेंद्रगढ़ के रूप में हुई। राजपत्रित अधिकारी को मौके पर बुलाया गया, उनकी उपस्थिति में आरोपी की तलाशी लेने पर उसकी पैंट की दाहिनी जेब से एक काली पॉलीथिन मिली, जिसके अंदर से कुल 63 ग्राम गांजा पत्ती बरामद हुई। पुलिस ने बरामद 63 ग्राम गांजा पत्ती और ई-रिक्शा को जब्त कर लिया। आरोपी के खिलाफ थाना शहर महेंद्रगढ़ में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है और पुलिस द्वारा मामले में आगामी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।


निश्शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर 12 अप्रैल को
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज। 
लाल शिवलाल धर्मशाला नजदीक रेलवे स्टेशन कनीना मंडी में 12 अप्रैल 2026 को निश्शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर जीत किया जाएगा। विस्तृत जानकारी देते हुए सेवा भारती के योगेश अग्रवाल ने बताया कि पेट, आंत, लिवर रोग, हड्डी व जोड़ रोग तथा सामान्य रोगों की जांच एवं निश्शुल्क परामर्श दिया जाएगा। यह शिविर हर महीने के दूसरे रविवार को आयोजित होता है जिसमें उजाला सिग्रस अस्पताल के डा. पीयूष कुमार गैस्ट्रोएंटरोलाजी तथा डा. हर्ष सामान्य रोग विशेषज्ञ निश्शुल्क जांच करेंगे एवं परामर्श देंगे। इस मौके पर इसीजी, बीपी, ब्लड शुगर की  मुफ्त जांच की जाएगी।
फोटो कैप्शन: योगेश अग्रवाल




दो दिनों से पेयजल व्यवस्था ठप
- मुख्य 40 हार्स पावर की वाटर सप्लाई की मोटर जली, उपभोक्ता परेशान
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना -रेवाड़ी सड़क मार्ग पर स्थित मुख्य जलघर एवं सप्लाई केंद्र पर 40 हार्स पावर की मुख्य मोटर खराब जाने के कारण कनीना कस्बा में पेयजल सप्लाई दो दिनों से नहीं हो पा रही है जिसके चलते उपभोक्ता परेशान हैं। गर्मी आते ही यह हालात बन गये है तो भविष्य में क्या हालात होंगे?
 उपभोक्ता रवि कुमार, सुरेश कुमार, दिनेश कुमार, महेश कुमार, सुरेंद्र, रानी, रेखा आदि ने बताया कि दो दिनों से पेयजल के लिए मारामारी चल रही है और दूर दराज से सिर पर पानी लाकर घरों में आपूर्ति की जा रही हैं। न तो कोई अधिकारी इस ओर ध्यान दे रहा है और न अधिकारी फोन तक उठाते। जब इस संबंध में जेई तथा एसडीओ जन स्वास्थ्य विभाग को इस पत्रकार ने फोन पर संपर्क करना चाहा या तो फोन बंद मिला या फोन नहीं उठाया।
 उपभोक्ताओं का कहना है कि हर वर्ष यही हालत बनती है परंतु अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं देते जिसके चलते उपभोक्ता बेहद परेशान है। गर्मी में पेयजल सप्लाई न होने से परेशानी बढ़ जाती है। इस संबंध में जब एक्सईन जन स्वास्थ्य विभाग प्रदीप कुमार से बात हुई तो उन्होंने कहा कि उन्हें पहली बार यह सूचना मिली है और बताया कि शनिवार को ही इस समस्या का शाम तक समाधान कर दिया जाएगा।
उधर पर जल सप्लाई केंद्र से मिली सूचना अनुसार खराब हुई मोटर को शाम चार बजे तक  निकाल लिया गया था और उसे ठीक करवाने के लिए भेज दिया गया है लेकिन कब तक ठीक होकर आती है और कब यह शुरू हो पाती है यह कह पाना कठिन है?
 फोटो कैप्शन 04: पेयजल सप्लाई केंद्र कनीना


स्पीड ब्रेकर फिर से बनाये जाए
- विगत दिनों बार-बार टूटने के कारण कर दिए गए थे खत्म
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
 रेवाड़ी सड़क मार्ग पर स्थित कनीना के वाटर सप्लाई केंद्र तथा सड़क के नहर द्वारा  कटान तक  तक अनेक दुर्घटनाएं घट चुकी है जिसको लेकर जहां विगत दिनों दो स्पीड ब्रेकर बनाए गए थे किंतु दोनों बार-बार टूट जाने के कारण खत्म कर दिए हैं। एक बार फिर से दुर्घटनाएं घटने लगी है। यहां से गुजरने वाले राहगीरों एवं कनीनावासियों की मांग है कि  यहां पुन: स्पीड ब्रेकर बनाये जाए।
 मिली जानकारी अनुसार यहां पर जहां विगत वर्ष एक व्यक्ति की मौत हो गई थी तथा आधा दर्जन दुर्घटनाएं घटी थी जिसकी कार्रवाई करते हुए स्पीड ब्रेकर तो बनाया था किंतु बार-बार टूट जाने के कारण उन्हें पूर्णतया खत्म कर दिया है।
 एक और जहां कनीना कस्बे से मार्ग आकर  यहां मिलता है वहीं तेज रफ्तार से वाहन यहां गुजरते हैं जिसके कारण सड़क मार्ग को क्रास करना कठिन है। सड़क के दोनों तरफ आबादी है। जिसके चलते छोटे बच्चे, स्कूली बच्चे तथा बुजुर्ग सड़क पार करने को बाध्य होते हैं लेकिन वाहन इतनी अधिक स्पीड से आते हैं कि कोई ना कोई दुर्घटना घट जाती है।
 ऐसे में कनीना के जसवंत सिंह, सुरेश कुमार, जितेंद्र, महेंद्र कुमार, अशोक कुमार, रोशन लाल आदि ने पेयजल सप्लाई केंद्र के समक्ष स्पीड ब्रेकर बनाये जाने की मांग की है ताकि आवागमन सुरक्षित हो सके, सड़क को आसानी से पर किया जा सके। वैसे भी पेयजल सप्लाई केंद्र तक पहुंचाने के लिए सड़क को पार करना जरूरी होता है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि यहां अविलंब स्पीड ब्रेकर बनाया जाए।
 फोटो कैप्शन 3: वह स्थान जहां स्पीड ब्रेकर होता था अब हटा दिया





सांइस ओलम्पियाड फाउंडेशन में राष्ट्रीय व अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर एक बार फिर छाया एसडी विद्यालय ककराला
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
एसडी विद्यालय ककराला में आयोजित साइंस ओलम्पियाड फाउंडेशन की पहले चरण की परीक्षा में एसडीयंस, ककराला ने राष्ट्रीय व अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर एक बार फिर अपनी अमिट छाप छोड़ी है। इस परीक्षा में अंग्रेजी विषय के प्रथम चरण में कुल 151 विद्यार्थी पहुंचने में कामयाब रहे। जिसमें 42 विद्यार्थियों को आउट स्टैंडिंग मेडल, 93 विद्यार्थियों को एक्सीलैंस सर्टिफिकेट व 16 विद्यार्थियों को गोल्ड मेडल प्राप्त हुए।
विद्यालय प्रधानाचार्या शिप्रा सारस्वत ने सभी प्रतिभागियों को बधाई देते हुए इस प्रकार की प्रतियोगिताओं को विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास व नई शिक्षा-नीति का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया तथा विद्यार्थियों को इस प्रकार की प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़ कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
इस उत्कृष्ट परिणाम के लिए विद्यालय चेयरमैन जगदेव यादव ने सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों को बधाई दी व उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होने बताया कि इस तरह के बेहतरीन परीक्षा परिणाम विद्यार्थी, अध्यापक व अभिभावकों के अथक परिश्रम व सहयोग से ही सम्भव हो सकता है। विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ-साथ अपने जीवन में अच्छे संस्कार, अनुशासन व अच्छे चरित्र को विशेष महत्व देना चाहिए। विद्यालय चेयरमैन ने यह भी बताया कि कड़ी मेहनत, ईमानदारी व सच्चाई के साथ किये गए प्रयास हमेशा सार्थक होते है इसलिए जीवन में इन बातों को अपना कर ही हम सफलता के मार्ग पर अग्रसर रह सकते है।
इस अवसर पर विद्यालय प्रधानाचार्या शिप्रा सारस्वत, प्रबंधन समिति के वरिष्ठ सदस्य, सीईओ आरएस यादव, डिप्टी डायरेक्टर पूर्ण सिंह, कोऑर्डिनेटर स्नेहलता, सहित सभी को-आर्डिनेटर्स एवं समस्त स्टाफ उपस्थित रहा और कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता निभाई।
फोटो कैप्शन 01: एसडी स्कूल के अव्वल रहे विद्यार्थी




नवोदय में एनसीसी नामां












कन प्रक्रिया पूर्ण
-नामांकन प्रक्रिया में भाग लिया 64 विद्यार्थियों ने
*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।  पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय, करीरा में 16 हरियाणा बटालियन एनसीसी, नारनौल द्वारा राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) नामांकन परीक्षा का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया।
इस अवसर पर कमान अधिकारी कर्नल संदीप कुमार, सूबेदार मेजर दानाराम, सूबेदार जसवीर सिंह, हवलदार विक्रम सिंह तथा हवलदार योगेंद्र की गरिमामयी उपस्थिति रही। यह कार्यक्रम विद्यालय के प्राचार्य बृजमोहन रावत के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में एनसीसी अधिकारी गोविंद नारायण सैन,पीजीटी संगणक, दयाराम, गणित शिक्षक तथा  सरिता बेरा,स्टाफ नर्स की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
नामांकन प्रक्रिया में कुल 64 विद्यार्थियों ने भाग लिया। चयन हेतु शारीरिक परीक्षण तथा लिखित परीक्षा आयोजित की गई। कैडेट हिमांशी एवं कैडेट उजाला ने पायलट की भूमिका का प्रभावशाली प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम के प्रारंभ में प्राचार्य बीएम रावत द्वारा कमान अधिकारी कर्नल संदीप कुमार एवं सूबेदार मेजर दानारामका पुष्प गुच्छ भेंट कर हार्दिक स्वागत किया गया। इस अवसर पर कमान अधिकारी कर्नल संदीप कुमार ने एनसीसी के लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए कैडेट्स को प्रेरित किया तथा नामांकन प्रक्रिया में भाग ले रहे विद्यार्थियों को चयन संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए।
कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य द्वारा कमान अधिकारी कर्नल संदीप कुमार एवं सूबेदार मेजर दानाराम को स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।
फोटो कैप्शन 02: एनएससी चयन प्रक्रिया में कैडेट्स एवं अधिकारी

 

 

मुख्यमंत्री उडऩदस्ता टीम ने अवैध रूप से जमा की गई अनाज के स्टाक पर छापेमारी की कार्यवाही की

--जुर्माना लगाया गया






*******************************************
***********************************************
*******************************************
कनीना की आवाज।
  कनीना क्षेत्र में  मुख्यमंत्री उडऩदस्ता , गुप्तचर विभाग, मार्केट कमेटी की संयुक्त टीम ने अवैध रूप से जमा की गई अनाज के स्टाक पर छापेमारी की कार्यवाही की
 टीम को लंबे समय से कनीना क्षेत्र में सरसों की जमाखोरी की शिकायतें मिल रही थीं। इसी के चलते आज  अचानक छापेमारी की गई। मौके पर निरीक्षक दीनदयाल के नेतृत्व में मुख्यमंत्री उडऩदस्ता टीम रेवाड़ी, गुप्तचर विभाग नारनौल, अजीत यादव सचिव मार्केट कमेटी कनीना, निरीक्षक हवा सिंह जीएसटी. विभाग नारनौल की टीम पहुंची। संयुक्त टीम द्वारा गोस्वामी की ढाणी गांव कपूरी तहसील कनीना मे सत्यनारायण  के गोदाम का औचक निरीक्षण किया गया। टीम ने गोदामों की जांच की जहां भारी मात्रा में सरसों का स्टाक बिना उचित दस्तावेजों के रखा हुआ मिला।  तुरंत स्टॉक को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। निरीक्षण के दौरान गोदाम मे कुल 1036 क्विंटल सरसों मिली। इस स्टाक के दस्तावेज मांगने पर वह कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नही कर पाया। जिस पर सचिव मार्केट कमेटी कनीना द्वारा सरसों के इस अवैध स्टाक पर सरसों पर 64,336 रुपए मार्केट कमेटी फीस व 16084 रुपए जुर्माना किया गया। साथ ही 321678 रुपए  चोरी का जुर्माना लगाया गया। बाद उपरोक्त टीम द्वारा सत्यनारायण  गांव डहीना (रेवाडी) स्थित एक अन्य गोदाम का औचक निरीक्षण किया गया। जिस गोदाम मे सरसो का अवैध स्टॉॅक 445 क्विंटल सरसों पाया गया। इस स्टॉक बारे सत्यनारायण सेे दस्तावेज प्रस्तुत करने की कहने पर वह कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नही कर पाया। जिस पर सचिव मार्केट कमेटी मनीष  द्वारा सरसो के अवैध स्टॉंक पर सरसों पर 27,599 रुपए मार्केट कमेटी फीस व 6899/रूपये जुमार्ना किया गया। सत्यनारायण द्वारा कुल 34493 रुपए जमा करवाये गये। जिसके बाद इसी व्यक्ति के गांव भडफ़ स्थित तीसरे गोदाम की चैकिंग करने पर अवैध स्टॉक 200 क्विंटल गेहूं पाया गया। जिस पर 28490 रुपए का जुर्माना लगाया गया।
इस  प्रकार अनाज के अवैध भण्डारण के लिए कुल 465081रुपए का  जुर्माना किया गया।
 जमाखोरी और कालाबाजारी के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा ताकि बाजार में कीमतों को नियंत्रित रखा जा सके और आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
 




Friday, April 10, 2026



 


614 क्विंटल सरसों की निजी स्तर पर हुई खरीद
- गेहूं की कुल खरीद 13763 क्विंटल पहुंची
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना की नई अनाज मंडी स्थित चेलावास में सरसों और गेहूं की खरीद जारी है। जहां सरकारी तौर पर सरसों की कोई खरीद नहीं हो पाई है। मिली जानकारी अनुसार शुक्रवार को 614 क्विंटल निजी स्तर पर सरसों खरीदी गई जिसका भाव 6210 से लेकर 6410 रुपए प्रति क्विंटल तक रहा। अभी तक कल निजी स्तर पर कुल 11507 क्विंटल सरसों खरीदी जा चुकी है जिसमें से 7865 क्विंटल की  लिफ्टिंग हो चुकी है। उधर गेहूं की अब तक कुल खरीद 13763 क्विंटल पहुंच गई है। गेहूं के गेट पास 16628 क्विंटल के जारी हो चुके है लेकिन बाकी 2845 क्विंटल गेहूं की खरीद अभी नहीं हो पाई है जिसकी बोली लैगनी बाकी है। शुक्रवार को एक सौ जमीदारों की 3239 की क्विंटल गेहूं खरीदी गई। अब तक 501 किसानों का गेहूं खरीदा जा चुका है। 1570 क्विंटल गेहूं की लिफ्टिंग भी की जा चुकी है। क्योंकि खरीद जोर शोर से जारी है। अब भविष्य में गेहूं की खरीद की आवक और खरीद बढऩे की संभावना है।
 फोटो कैप्शन 10: कनीना अनाज मंडी में गेहूं की खरीद का नजारा






दौंगड़ा अहीर में स्कूल रेडीनेस मेला आयोजित
- बच्चों के सर्वांगीण विकास पर दिया गया जोर
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
महिला एवं बाल विकास विभाग के तत्वावधान में गांव दौंगड़ा अहीर स्थित आंगनवाड़ी कम प्ले स्कूल में सत्र 2026-27 के तहत स्कूल रेडीनेस मेले का आयोजन किया गया। इस संबंध में जानकारी सुपरवाइजर पूजा खींची ने बताया कि कार्यक्रम में ग्राम सरपंच सुनीता मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं, जबकि मुख्य अध्यापिका मनोज यादव ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की। जिला समन्वयक पोषण अभियान अनूप सिंह भी विशेष रूप से मौजूद रहे।
मेले में 3 से 6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों एवं उनके अभिभावकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। हर वर्ष की भांति आयोजित यह मेला नए सत्र की शुरुआत के साथ बच्चों के सर्वांगीण विकास और स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से लगाया गया। इस दौरान बच्चों के लिए विभिन्न शैक्षणिक एवं मनोरंजक गतिविधियां करवाई गईं और उनकी प्रगति के आधार पर रिपोर्ट कार्ड तैयार किए गए।
मेले में विभिन्न विकासात्मक स्टाल लगाए गए, जहां बच्चों को गतिविधियों के माध्यम से सीखने का अवसर मिला। मुख्य अतिथियों ने स्टॉलों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की सराहना की। कार्यक्रम के दौरान बच्चों की ऊंचाई और वजन मापकर उनके स्वास्थ्य की जांच भी की गई। इस अवसर पर एएनएम एवं आशा कार्यकर्ताओं ने गर्भवती महिलाओं के पंजीकरण, बच्चों के टीकाकरण और स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। अनूप सिंह ने पोषण ट्रैकर के उपयोग और महत्व पर प्रकाश डाला।
सुपरवाइजर पूजा खींची ने बताया कि मेले के माध्यम से पोषण पखवाड़ा, ईसीसीई दिवस एवं अन्य कार्यक्रमों की जानकारी भी दी गई। बच्चों को शिक्षा का पेड़ गतिविधि के जरिए सीखने के लिए प्रेरित किया गया तथा बाल विवाह जैसी कुप्रथाओं को रोकने और 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओÓ अभियान को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया।
मुख्य अतिथि सरपंच सुनीता ने स्वच्छता के महत्व पर बल दिया, जबकि अध्यापिका मनोज यादव ने नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति की विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम में राकेट लर्निंग से योगिता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता बलजीत, कृष्णा, उर्मिला, कैलाश, प्रेमलता, संतोष सहित एएनएम, आशा वर्कर एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
फोटो कैप्शन 08: दौंगड़ा में रेडीनेस मेले का नजारा






किसान जोर शोर से पैदावार लेने में लगे
-सरसों की इकट्ठी की गई फसल नीचे से गई है सड़
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
 कनीना क्षेत्र के किसानों ने जहां 20000 हेक्टेयर पर सरसों और करीब 9000 हेक्टेयर पर गेहूं की फसल उगाई थी। किसान बार-बार मौसम की मार झेलते हुए आखिरकार एक बार फिर से फसल को सुखाकर पैदावार लेने लग गए हैं क्योंकि गेहूं की लावणी अभी चल रही और अधिकांश किसानों ने सरसों की पैदावार ले ली है। लेकिन जिन किसानों की सरसों की फसल काटकर इकट्ठी की हुई थी वह अंदर से सड़ गई है, काली पड़ गई है, फंगस लग गया है।
 किसान सूबे सिंह, राजेंद्र सिंह, अजीत कुमार, महेंद्र सिंह आदि ने बताया कि बार-बार वर्षा के कारण इकट्ठी की गई सरसों फसल नीचे से काली ही नहीं पड़ी अपितु सरसों के खराब होने की संभावना बढ़ गई है, फंगस लग गया है।मौसम के आगे किसान मजबूर हैं। गत दिनों से मौसम न खुलने के कारण अपनी फसल पैदावार नहीं ले पाए थे और जोर-जोर से फसल पैदावार ले रहे हैं आने वाले समय पता लग पाएगा किसान कैसे पैदावार ले पाते हैं क्योंकि आए दिन तेज हवाएं चल रही है जिसके कारण उनकी इकट्ठी की हुई फसल उडऩे की संभावना बन जाती है।
फोटो कैप्शन 09: सरसों की जमा फसल नीचे से काली पड़ी






कनीना में छापेमारी के दौरान 12 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त
-उपभोक्ता सुरक्षित पीएनजी कनेक्शन लें : अरुण सैनी
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार के मार्गदर्शन में जिला महेंद्रगढ़ में गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ निरंतर कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
सहायक आपूर्ति अधिकारी अरुण सैनी ने जानकारी देते हुए बताया कि विभाग की टीम ने आज कनीना क्षेत्र में घरेलू गैस सिलेंडरों के दुरुपयोग को रोकने के लिए विशेष छापामार कार्रवाई की। इस छापेमारी के दौरान टीम ने कुल 12 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए। इस टीम का नेतृत्व इंस्पेक्टर ध्यान सिंह एवं सब इंस्पेक्टर संदीप द्वारा किया गया।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन स्पष्ट कर चुका है कि व्यवसायिक स्थानों पर घरेलू सिलेंडरों का उपयोग किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की 6 जांच टीमों द्वारा एक माह से जिला महेंद्रगढ़ के विभिन्न क्षेत्रों जैसे नारनौल शहर, महेंद्रगढ़ शहर, सतनाली, कनीना, अटेली और नांगल चौधरी में अब तक कुल 28 छापेमारी की जा चुकी हैं। इस दौरान 199 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए हैं।
सहायक खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी ने आमजन से भी अपील की है कि वे घरेलू गैस का दुरुपयोग न करें और यदि कहीं भी ऐसी अनियमितता दिखाई दे तो तुरंत संबंधित विभाग या हेल्पलाइन नंबर 01282-251249 पर सूचित कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें। उन्होंने बताया कि जिले में वर्तमान में 21 गैस एजेंसियां कार्यरत हैं जो प्रतिदिन औसतन 4000 से 5000 सिलेंडरों की आपूर्ति उपभोक्ताओं को कर रही हैं और जिले में गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
उन्होंने उपभोक्ताओं को सलाह दी है कि वे सिलेंडरों का अनावश्यक भंडारण न करें और अधिक सुरक्षित विकल्प के रूप में पीएनजी लाइन को अपनाएं।उपभोक्ता माय अडानी एप के माध्यम से घर बैठे आनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
फोटो कैप्शन 07: कनीना क्षेत्र में जब्त किए गए सिलेंडर








कुतरूं प्राचार्य के कारनामे-21 सोमवार को 13 अप्रैल को
-कुतरूं को नमन किया वो दुख पाया, डांट मारकर ही काम करवा पाया


कनीना मंडी में सड़क दुर्घटना में महिला के पैर की हड्डी टूटी
-कनीना उप नागरिक अस्पताल भर्ती फिर हायर सेंटर रेफर






शिक्षा के बुनियादी ढांचे को सशक्त कर रही हरियाणा सरकार
-जिला महेंद्रगढ़ में निपुण मिशन से संवर रहा बच्चों का भविष्य
-चैंपियन टीचर्स की नई सोच और आधुनिक तकनीक से आगे बढ़ेंगे विद्यार्थी
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
हरियाणा सरकार प्रदेश के प्राथमिक शिक्षा ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इसका सकारात्मक प्रभाव धरातल पर दिखाई दे रहा है। इसी कड़ी में आज उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने जिला स्तरीय संचालन समिति की एक बैठक ली।
बैठक में निपुण हरियाणा मिशन के तहत अब तक की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा करते हुए विद्यार्थियों के सीखने के स्तर (लर्निंग आउटकम) को सुधारने के लिए विस्तृत चर्चा की गई। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है ताकि प्रत्येक बच्चा कक्षा के अनुरूप मूलभूत साक्षरता और संख्यात्मकता के लक्ष्यों को सफलतापूर्वक प्राप्त कर सके।
समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने हाल ही में संपन्न हुए थर्ड पार्टी इवैल्यूएशन सर्वे और सेंसस 2.0 के परिणामों का सूक्ष्म विश्लेषण किया।
उन्होंने उन क्षेत्रों और विद्यालयों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए जहाँ परिणाम अपेक्षाकृत कम रहे हैं।
उपायुक्त ने कहा कि मेंटर्स और शिक्षा अधिकारियों द्वारा स्कूलों का दौरा केवल एक प्रशासनिक औपचारिकता न होकर धरातल पर शैक्षणिक सुधार लाने वाला होना चाहिए।
नारनौल के 20 स्कूलों में चल रहे उपचारात्मक शिक्षण और महेंद्रगढ़ ब्लॉक के लिए तैयार की गई 45 दिवसीय विशेष कार्ययोजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से हासिल किया जाए।
आगामी दो महीनों की प्राथमिकताओं को बताते हुए उपायुक्त ने चैंपियन टीचर्स पहल और स्कूलों को गोद लेने की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी ढंग से लागू करने पर बल दिया।
बैठक में आधुनिक शिक्षण विधियों के उपयोग के संबंध में उपायुक्त ने संपर्क फाउंडेशन और अन्य तकनीकी सहयोगियों के साथ मिलकर पढ़ाई को सरल व प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
जिला समन्वयक डॉ. विक्रम सिंह ने पीपीटी के माध्यम से जिले की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए आगामी लक्ष्यों का खाका पेश किया।
उपायुक्त ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने और शिक्षकों का निरंतर मार्गदर्शन करने की हिदायत दी ताकि महेंद्रगढ़ जिला प्रदेश भर में अग्रणी बना रहे।
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त तरुण कुमार पावरिया, निगम आयुक्त रणवीर सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अशोक कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. विश्वेश्वर कौशिक, जिला परियोजना समन्वयक अशोक कुमार, जिला समन्वयक एफएलएन डॉ. विक्रम सिंह, एसपीआईयू सदस्य स्नेहा बिष्ट, संपर्क फाउंडेशन से दुर्गा प्रसाद व मनीष कुमार सहित जिले के सभी उप-जिला शिक्षा अधिकारी एवं खंड शिक्षा अधिकारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।





आगामी गर्मी के सीजन को लेकर जिला प्रशासन की पूर्व तैयारी
-इंसान, पशु-पक्षियों और फसलों की सुरक्षा हम सब की जिम्मेदारी
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज। 
हरियाणा सरकार के निर्देशानुसार जिला प्रशासन ने आने वाले समय में पडऩे वाली गर्मी और संभावित हीटवेव (लू) से निपटने के लिए अपनी तैयारी अभी से शुरू कर दी है। इसी कड़ी में उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने आज जिला के विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की।
उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि प्रशासन का लक्ष्य भविष्य की चुनौतियों के लिए पहले से तैयार रहना है, ताकि इंसान, पशु-पक्षियों और फसलों पर गर्मी के प्रतिकूल प्रभाव को कम किया जा सके।
डीसी ने अधिकारियों को हिदायत दी कि वे आने वाले समय की संवेदनशीलता को देखते हुए अभी से सुरक्षा आडिट की प्रक्रिया पूरी कर लें। सभी विभागों को अपने अग्नि सुरक्षा उपकरणों (फायर आडिट) की जांच करने और उन्हें चलाने वाले कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि समय रहते की गई तैयारी ही किसी भी आपात स्थिति से बचाव का सबसे कारगर तरीका है।
बैठक में कृषि विभाग को निर्देश दिए गए कि वे थ्रेसिंग के दौरान होने वाली संभावित दुर्घटनाओं को रोकने और खरीफ की बिजाई के लिए किसानों को अभी से जागरूक करें। वहीं, पशुपालन विभाग को पशुओं के स्वास्थ्य के मद्देनजर जरूरी दवाइयों का स्टॉक सुनिश्चित करने और आने वाले दिनों के लिए उचित एडवाइजरी तैयार करने को कहा गया।
उपायुक्त ने वन विभाग को निर्देश दिए कि जंगलों में जंगली जीवों और पक्षियों के लिए टैंकरों के माध्यम से पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने की योजना बनाएं और वन मित्र के जरिए जनता में जागरूकता फैलाएं।
उपायुक्त ने सिंचाई विभाग को निर्देश दिए गए कि वे जिले के सभी तालाबों को भरने की व्यवस्था करें ताकि गर्मी बढऩे पर जल संकट की स्थिति उत्पन्न न हो।
शहरी क्षेत्रों में व्यवस्थाओं को लेकर उपायुक्त ने नगर निकायों को नोडल अधिकारी नियुक्त करने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि पार्कों में पेयजल की व्यवस्था, जगह-जगह प्याऊ और मटके रखवाने की योजना अभी से तैयार की जाए। नागरिकों को जागरूक किया जाए कि वे आने वाले दिनों में गर्मी से बचने के लिए छतों पर सफेद पेंट या चूने की लिपाई जैसे पारंपरिक तरीके अपनाएं।
उपायुक्त ने ऊर्जा की बढ़ती मांग को देखते हुए गैर-परंपरागत ऊर्जा स्रोतों के उपयोग और बिजली बचत पर भी जोर दिया गया।
उन्होंने लेबर विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए ईंट भ_ों पर काम करने वाली लेबर के लिए छाया, शुद्ध पेयजल और चिकित्सा के सभी आवश्यक प्रबंध समय रहते पूरे कर लें।
 



हरी खाद उगने पर किसानों को मिलेगी एक हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि
-दलहनी फसलें उगाने वाले किसानों को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
हरियाणा सरकार ने मिट्टी की सेहत सुधारने और फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के लिए एक नई पहल शुरू की है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के विजन के तहत, सरसों और गेहूं की कटाई के बाद हरी खाद या दलहनी फसलें उगाने वाले किसानों को 1,000 रुपए प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
यह जानकारी देते हुए उप कृषि निदेशक डॉ. देवेंद्र सिंह ने बताया कि ढैंचा, मूंग, अरहर, मोठ, सोयाबीन, लोबिया, उड़द और ग्वार जैसी फसलों की बिजाई करने वाले किसान इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। यह राशि सीधे बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएगी। योजना का लाभ लेने के लिए किसानों को 15 अप्रैल तक मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर अपना पंजीकरण करना होगा और बिजाई की फोटो पोर्टल पर अपलोड करनी होगी।
उन्होंने किसानों से विशेष अपील की है कि वे इन फसलों की बिजाई के 7 से 8 सप्ताह बाद इन्हें काटकर खेत की मिट्टी में ही मिला दें। ऐसा करने से खेत में जैविक कार्बन का स्तर बढ़ता है और मिट्टी की पानी सोखने की शक्ति में वृद्धि होती है, जिससे आने वाली अगली फसलों की पैदावार भी बेहतर होती है।
मुख्यमंत्री की इस योजना का मुख्य उद्देश्य रसायनों के प्रयोग को कम कर हरियाणा की कृषि भूमि के स्वास्थ्य को उत्तम बनाए रखना है।



झाड़ली में आठवां पोषण माह शुरू, महिलाओं को स्वास्थ्य व पोषण के प्रति किया जागरूक
- 23 अप्रैल तक चलेंगे कार्यक्रम, संतुलित आहार व स्वच्छता पर दिया गया जोर
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
उपमंडल के गांव झाड़ली में आठवें पोषण माह का शुभारंभ किया गया। यह अभियान 23 अप्रैल तक चलाया जाएगा, जिसके तहत महिलाओं और बच्चों को पोषण, स्वास्थ्य व स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जाएगा। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में आंगनबाड़ी वर्करों व स्वास्थ्य कर्मियों ने महिलाओं को संतुलित आहार, साफ-सफाई और बच्चों के समुचित विकास के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से सही खानपान, टीकाकरण और गर्भवती महिलाओं की देखभाल पर विशेष जोर दिया गया। सुपरवाइजर अनीता यादव ने जानकारी देते हुए बताया कि पोषण माह का मुख्य उद्देश्य कुपोषण को दूर करना और समाज में पोषण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। उन्होंने बताया कि इस दौरान घर-घर जाकर महिलाओं को पोषक आहार, स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी। इस मौके पर सरपंच सुशीला देवी, आशा वर्कर मौसम, सुनीता, अरुण सहित गांव की अनेक महिलाएं उपस्थित रहीं। सभी ने मिलकर पोषण माह को सफल बनाने का संकल्प लिया।
फोटो कैप्शन 05: झाड़ली में जानकारी देते हुए



अब हर माह दूसरे रविवार को चलेगा विशेष टीकाकरण
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज। 
जनहित को ध्यान में रखते हुए सरकार , एसएमओ रेनू वर्मा एवं सतीश कुमार बीइइ के दिशा निर्देश के अनुसार महीने के दूसरे रविवार को कनीना के उप-नागरिक अस्पताल में बच्चों को विशेष टीकाकरण किया जाएगा। जिनको टीका अभी नहीं लगा है या वह किसी कारणवश नहीं लगवा पाए तो वो इस दिन टीकाकरण करवा सकता है।
 सतीश कुमार ने बताया इस टीकाकरण के तहत पांच बच्चे वर्ष के बच्चों को डीपीटी, 10 से 11 वर्ष के बच्चों को टीडी, 15 से 16 वर्ष के बच्चों को टीडी, गर्भवती महिलाओं को जिनका टीका नहीं लगाया गया है उनको भी टीका लगाया जाएगा।
 फोटो कैप्शन: सतीश कुमार बीइइ




 ग्राम पंचायत गोमली की महिला सरपंच को किया सम्मानित
-जिला उपायुक्त द्वारा उत्कृष्ट कार्यों के चलते दिया सम्मान
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
कनीना उप-मंडल के गोमली की महिला सरपंच उर्मिला शास्त्री को उपयुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने एक समारोह में उत्कृष्ट कार्य, स्वच्छता, गंदे पानी की निकासी आदि के लिए सम्मानित किया है। सम्मान में प्रमाण पत्र, सिल्वर पदक देकर सम्मानित किया है। इस अवसर पर रामरतन शर्मा जेई, दयानंद नंबरदार ,पंकज शर्मा, बजरंग यादव पंच आदि ने उन्हें बधाई दी है। सरपंच को बधाई देते हुए बताया कि गांव की महिला सरपंच  उर्मिला शास्त्री इमानदार, लगनशील है तथा चौमुखी विकास करवा रही है। ग्रामीणों ने सरपंच को बधाई दी और पूरा सहयोग का आश्वासन दिया।
 फोटो कैप्शन 05: महिला सरपंच को सम्मानित करते जिला उपायुक्त



एसडी विद्यालय ककराला की छात्रा ने राष्ट्रीय स्तर पर कमाया नाम
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
एसडी विद्यालय ककराला ने मेरा भारत बजट प्रतियोगिता में राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए एक नई उपलब्धि हासिल की है। इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में देशभर से लगभग 12 लाख प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिसमें विद्यालय की छात्रा गरिमा ,कक्षा 12वीं, ने अंतिम चरण तक पहुंचकर विद्यालय का नाम रोशन किया।
विद्यालय की इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर प्रधानाचार्या शिप्रा सारस्वत को विभिन्न शिक्षाविदों, अभिभावकों एवं गणमान्य व्यक्तियों द्वारा हार्दिक बधाई प्रेषित की गई। सभी ने उनके कुशल नेतृत्व, मार्गदर्शन एवं शैक्षणिक दृष्टिकोण की सराहना करते हुए कहा कि उनके प्रेरणादायक नेतृत्व में विद्यालय निरंतर नई ऊंचाइयों को छू रहा है और विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने के अवसर प्राप्त हो रहे हैं।
इस सफलता के पीछे शिक्षक धनराज यादव का विशेष योगदान रहा, जिन्होंने इस प्रोजेक्ट की तैयारी में छात्रा का मार्गदर्शन किया। उनकी मेहनत और छात्रा की लगन ने इस उपलब्धि को संभव बनाया। विद्यालय प्रबंधन द्वारा गरिमा को 5100 रुपए नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया तथा अभिभावकों को भी बधाई दी गई। विद्यालय की प्रधानाचार्या शिप्रा सारस्वत ने जानकारी दी कि गरिमा आगामी 13 अप्रैल को हरियाणा एग्रीकल्चर विश्वविद्यालय, हिसार में आयोजित कार्यक्रम में देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ बजट एवं अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर सीधा संवाद करेंगी।
इस अवसर पर विद्यालय के चेयरमैन जगदेव यादव ने छात्रा गरिमा, शिक्षक धनराज यादव एवं समस्त स्टाफ को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि विद्यालय, विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अभिभावकों के संयुक्त प्रयास का परिणाम है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि सच्ची लगन, एकाग्रता और निरंतर परिश्रम से ही सफलता प्राप्त की जा सकती है।
कार्यक्रम में विद्यालय की प्रधानाचार्या शिप्रा सारस्वत, प्रबंधन समिति के वरिष्ठ सदस्य, सीईओ आरएस यादव, डिप्टी डायरेक्टर पूर्ण सिंह, कोआर्डिनेटर स्नेहलता सहित सभी स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे और सभी ने इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त किया।
फोटो कैप्शन 01: छात्रा गरिमा को पुरस्कृत करते हुए स्कूल स्टाफ



शीनू ने बढ़ाया क्षेत्र का मान, आयकर विभाग में बनीं आफिस सुपरिंटेंडेंट
-पहले ही चांस में पाई सफलता
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
क्षेत्र के लिए अत्यंत गर्व और हर्ष का विषय है कि वार्ड 3 निवासी राजेश यादव प्राध्यापक अंग्रेजी एवं श्रीमती रितु यादव की सुपुत्री तथा कप्तान सुमेर सिंह की पौत्री शीनू का चयन आयकर विभाग में आफिस सुपरिंटेंडेंट के पद पर हुआ है। उनकी इस महत्वपूर्ण उपलब्धि से न केवल उनके परिवार में बल्कि पूरे क्षेत्र में खुशी और उत्साह का माहौल है।
शीनू ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा से लेकर उच्च शिक्षा तक हमेशा उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। अपनी मेहनत, अनुशासन और निरंतर प्रयासों के बल पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया है। उनकी सफलता यह दर्शाती है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो कोई भी बाधा सफलता की राह में रुकावट नहीं बन सकती।
परिजनों के अनुसार, शीनू बचपन से ही पढ़ाई के प्रति गंभीर और लक्ष्य के प्रति समर्पित रही हैं। उन्होंने कठिन परिस्थितियों में भी हार नहीं मानी और लगातार अपने लक्ष्य की ओर अग्रसर रहीं। उनकी इस सफलता में उनके माता-पिता और शिक्षकों का विशेष योगदान रहा है, जिन्होंने हर कदम पर उनका मार्गदर्शन और उत्साहवर्धन किया।
  इस अवसर पर शीनू ने सफलता का श्रेय अपने चाचा संदीप यादव अधिवक्ता एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती रेणु यादव को व अपने परिवार को दिया
शीनू की इस उपलब्धि पर क्षेत्र के गणमान्य व्यक्तियों, सामाजिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों ने उन्हें हार्दिक बधाई दी है। सभी ने इसे क्षेत्र के युवाओं, विशेषकर छात्राओं के लिए प्रेरणास्रोत बताया है।
फोटो कैप्शन: शीनू






कांग्रेस कमेटी की बैठक संपन्न
-भीमराव अंबेडकर के जयंती पर आयोजित करेगी कार्यक्रम
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।
जिला महेन्द्रगढ़ कांग्रेस कमेटी की मासिक बैठक कनीना के बलराम समारोह में जिलाध्यक्ष सत्यवीर यादव की अध्यक्षता में आयोजित की गई। जिसमें  पार्टी के कार्यक्रमों के बारे विस्तृत चर्चा की गई ।आगामी 14 अप्रैल को बाबा भीमराव अंबेडकर के जयंती पर इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाएं।
 आगामी 15 अप्रैल को प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह एवं राज्य सभा के नवनियुक्त सदस्य कर्मवीर बोध के  आगमन पर तैयारियों के लिए विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में इस बात पर भी निर्णय लिया गया ये किस प्रकार से गांव-गांव, गली-गली कांग्रेस का प्रचार किया जाए और किन किन मुद्दों को जिले की जनता के समक्ष प्रमुखता से उठाया जाए। इसमें मुख्य रूप से पार्टी के  सभी पदाधिकारी मौजूद रहे।
  महिला कांग्रेस के जिलाध्यक्ष राजवती यादव  उपाध्यक्ष सुमेर चेयरमैन, उपाध्यक्ष कुलदीप  भरगढ, प्रोफ़ेसर राजवीर, प्रदीप यादव ,महासचिव रणवीर, महासचिव विनोद शेखावत, महासचिव प्रेम यादव, श्याम सुंदर सोनी, धीरज शर्मा, सोशल मीडिया के जि़,ले के प्रभारी विक्रांत यादव ,सचिव भगवान सिंह इत्यादि लोग मौजूद रहे।
फोटो कैप्शन 02: कांग्रेस की बैठक का नजारा























पीएमश्री भोजावास में रूट्स आफ कल कार्यक्रम का आयोजन
-स्कूल परिसर में लगाए 20 पौधे
**************************************
*******************************************
**************************************
कनीना की आवाज।  केंद्रीय विश्वविद्यालय हरियाणा के एनएसएस वालिंटियर्स द्वारा पीएम श्री भोजावास में  रूटस आफ कल पहल के तहत दूसरा वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया।
एनएसएस आरडीसी-2026 में हरियाणा का प्रतिनिधित्व कर चुके सुहेल दास ने केंद्रीय विश्वविद्यालय हरियाणा के एनएसएस स्वयंसेवकों के साथ मिलकर वृक्षारोपण किया।
विश्वविद्यालय से आए विद्यार्थियों का पीएमश्री की प्राचार्य रेनू मेहरा और वरिष्ठ प्रवक्ता अशोक कुमार द्वारा स्वागत किया गया। स्कूल के एनएसएस प्रभारी राजेश बालवान, इको क्लब के इंचार्ज  परमानंद ओर डा. पुखराज यादव द्वारा बच्चों को विद्यालय परिसर का भ्रमण करवाया और विद्यालय में पढ़ रहे बच्चों को विश्वविद्यालय से आए हुए बच्चों को रूबरू करवाया।
कार्यक्रम के दौरान विश्वविद्यालय से आए हुए बच्चों द्वारा स्कूल परिसर के अंदर लगभग 20 पौधे लगाए और बच्चों से भी अनुरोध किया कि वह पर्यावरण सुरक्षा पर ध्यान दें। विश्वविद्यालय से आए विद्यार्थियों ने बताया कि रूट्स आफ कल पहल के तहत वृक्षारोपण का कार्यक्रम का आयोजन पूरे जिले के सरकारी स्कूलों में किया जाना है।
विश्वविद्यालय से आए हुए स्वयंसेवकों द्वारा स्कूल के स्वयंसेवकों से विचारों का आदान प्रदान किया और उनके साथ मिलकर स्कूल परिसर का भ्रमण किया। विद्यालय परिसर में चल रही  विभिन्न लैब के बारे में सुमित पाठक, सत्यप्रकाश ओर डॉ मंजू यादव द्वारा जानकारी दी गई ।
स्कूल के स्वयंसेवकों द्वारा विश्वविद्यालय से आए हुए स्वयंसेवकों से एनएसएस गतिविधियों बारे चर्चा की गई। इस अवसर पर  अर्थशास्त्री सुरेंद्र सिंह, डा. विक्रम सिंह, अमित शास्त्री, बुधराम कुलदीप आदि उपस्थित रहे।
फोटो कैप्शन 02: रूटस आफ कल के तहत पौधारोपण करते हुए