Not sure how to add your code? Check our installation guidelines **KANINA KI AWAZ **कनीना की आवाज**

Monday, November 24, 2025



 


साइड न देने पर बस को रोककर की मारपीट
-कनीना पुलिस ने किया 3 के विरुद्ध मामला दर्ज
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कनीना की आवाज।
कनीना मंडी गेट पर रोड़वेज की बस के आगे बोलेरो गाड़ी लगाकर चालक एवं परिचालक के साथ हाथापाई करने के मामले में 3 लोगों के विरुद्ध कनीना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। जांच अभी जारी है। मारपीट में उएक महिला का नाम भी है। मारपीट करने वालों का आरोप है कि उनकी गाड़ी को साइड नहीं दी।
  मिली जानकारी अनुसार नारनौल से कनीना आ रही बस के आगे कनीना मंडी गेट पर गाड़ी लगाकर बस को जबरन रुकवा लिया और चालक को पकड़कर बाहर लाये, उससे मारपीट की। इसी बीच परिचालक ने बीच बचाव किया तो उससे भी मारपीट की गई। बस में उस समय करीब 20-22 सवारियां थी। कनीना निवासी परिचालक एवं कोटिया निवासी चालक ने 3 लोगों रोहित, दामोदर एवं बिमला देवी  के विरुद्ध मामला दर्ज करवा दिया है। कनीना पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच जारी है।




दुकान पर दिनदहाड़े हमला, मारपीट व लूटपाट, मामला दर्ज
-7-8 लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज
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कनीना की आवाज।
कनीना कस्बा में स्थित एक दुकान पर बुधवार को दिनदहाड़े 7-8 अज्ञात बदमाशों ने धावा बोल कर दुकान मालिक के साथ मारपीट, तोडफ़ोड़ और लूटपाट की घटना को अंजाम दिया।
पीडि़त मोनू, जो मूल रूप से रेवाड़ी निवासी है, ने थाना कनीना में लिखित शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। मोनू ने बताया कि बुधवार सुबह लगभग 11:35 बजे वह किसी कार्य से दुकान से बाहर गया हुआ था। इसी दौरान अज्ञात नंबर से काल कर उसे कुत्तों की फीड लेने के बहाने तुरंत दुकान पर बुलाया गया। जब वह करीब 12 बजे दुकान पर पहुंचा तो वहां पहले से ही 7-8 युवक खड़े थे। जैसे ही वह फीड दिखाने लगा, उनमें से 5-6 युवक अचानक उस पर टूट पड़े और लात-घूंसों से बेरहमी से पिटाई की।
मोनू का आरोप है कि उन्होंने दुकान में जमकर तोडफ़ोड़ की और काउंटर में रखे करीब 5-6 हजार रुपए निकाल लिए। वारदात के दौरान बदमाशों ने दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे और उसकी मेमोरी कार्ड भी तोड़कर साथ ले गए ताकि घटना के सबूत न बच सकें।
पीडि़त के अनुसार जाते समय धमकी देते हुए कहा कि इस घटना के बारे में बताया तो जान से मार देंगे। गंभीर चोटें लगने के कारण मोनू को अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात बदमाशों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। उन्होंने पुलिस से आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की है।






राष्ट्रीय दुग्ध दिवस-
जीवड़ा में डा. वर्गीज कुरियन की जयंती पर विशेष आयोजन, कनीना में भी किया जाएगा याद
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कनीना की आवाज।
भारत में श्वेतक्रांति के जनक डा. वर्गीज कुरियन की जयंती के अवसर पर, बुधवार, 26 नवंबर को जीवड़ा स्थित महेसाणा जिला सहकारी दूध उत्पादक  संघ लिमिटेड  दूधसागर नेशनल अमूल अवशीतन केंद्र पर सरदार पटेल कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन/एसपीसीडीएफ के तत्वावधान में राष्ट्रीय दुग्ध दिवस का आयोजन किया जाएगा। कनीना-करीरा सड़क मार्ग पर स्थित केंद्र पर भी उन्हें याद किया जाएगा।
विस्तृत जानकारी देते हुए फील्ड अधिकारी रूपचंद ग्रर्जर ने बताया कि डा. वर्गीज कुरियन के दूरदर्शी नेतृत्व और अथक प्रयासों ने भारत को दूध की कमी वाले देश से विश्व का सबसे बड़ा दूध उत्पादक देश बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके योगदान को याद करते हुए इस अवसर पर संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा, जिसमें क्षेत्र के सैकड़ों दूध उत्पादक और सहकारी संगठनों के प्रतिनिधि भाग लेंगे।
उल्लेखनीय है कि डा. वर्गीज कुरियन के योगदान को और आगे बढ़ाने तथा श्वेतक्रांति 2.0 को सफल बनाने के लिए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह के नेतृत्व में भारत में सहकारी क्रांति का नया अध्याय शुरू किया गया है। इसी दिशा में 6 जुलाई 2025 को बहु-राज्य सहकारी संस्था सरदार पटेल कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन लिमिटेड की स्थापना की गई।
इस फेडरेशन का प्रमुख उद्देश्य देशभर के दूध उत्पादकों को एक मंच पर संगठित करना है, ताकि हर किसान, हर गांव और हर दूध उत्पादक पारदर्शी बाजार व्यवस्था, उचित मूल्य निर्धारण और आधुनिक तकनीकी सुविधाओं का लाभ प्राप्त कर सके।




फिल्म अभिनेता धर्मेंद्र के निधन पर कनीना बार ने व्यक्त किया शोक
-धर्मेंद्र की यादें सदा ताजा रहेंगी जनों के दिलों में
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कनीना की आवाज।
बालीवुड के प्रसिद्ध ही-मैन, अभिनेता धर्मेंद्र के निधन की खबर से पूरे देश में शोक की लहर है। सोमवार को कनीना बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने भी उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया। इस अवसर पर बार के पूर्व प्रधान गिरवर कौशिक, पूर्व प्रधान कुलदीप रामबास, वरिष्ठ अधिवक्ता रामनिवास शर्मा रामबास, वरिष्ठ अधिवक्ता राजेश यादव कनीनवाल सहित अन्य अधिवक्ताओं ने श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र ने अपने अभिनय, सादगी और बहुआयामी प्रतिभा के माध्यम से भारतीय फिल्म जगत को नई दिशा दी। उनकी फिल्मों ने सामाजिक बुराइयों को दूर करने और समाज में जागरूकता फैलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने कहा कि धर्मेंद्र का देश और फिल्म इंडस्ट्री के लिए योगदान अविस्मरणीय है। उनके निधन से न केवल फिल्म जगत, बल्कि आमजन भी गहरे दुख में है।
फोटो कैप्शन 04:शोक व्यक्त करते हुए बार एसोसिएशन के सदस्य।





अंतर्राष्ट्रीय महिला हिंसा उन्मूलन दिवस -25 नवंबर
एकजुट होकर महिला और लड़कियों के खिलाफ होने वाली हिंसा को किया जा सकता है काबू
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कनीना की आवाज।
महिला और लड़कियों के प्रति हिंसा के मामले बढ़ते ही जा रहे हैं। पूरे विश्व में तीन में से एक महिला अपने जीवन में काम से कम एक बार शारीरिक हिंसा का शिकार हो चुकी होती है। महिला और लड़कियों के खिलाफ हिंसा में साथी की हिंसा, यौन हिंसा और उत्पीडऩ, मानव तस्करी, महिला बाल विवाह आदि अनेक समस्याएं घर कर चुकी है। महिलाओं को मनोवैज्ञानिक रूप से हानि और पीड़ा सहनी पड़ती है। 25 नवंबर 1981 से लगातार यह दिवस मनाया जा रहा है।
 भारत में महिलाओं के खिलाफ लगातार अपराध बढ़ते जा रहे हैं जिसमें न्याय में देरी, खत्म होता सजा का डर, अश्लील सामग्री प्रकाशित आदि कई कारण हो सकते हैं। महिलाओं के खिलाफ हिंसा को रोकने के कुछ कदम उठाए जा रहे हैं किंतु वे नाकाफी हैं। यद्यपि महिलाओं के अधिकार हेतु अनेक संवैधानिक प्रावधान बनाए गए हैं किंतु अपराधी फिर भी बच निकलते हैं। इस संबंध में  कुछ जागरूक महिलाओं से बात की गई जिसमें उन्होंने महिलाओं पर अत्याचार हिंसा की बातें स्वीकार की।
*** ग्रामीण क्षेत्रों में भी दहेज एक गंभीर समस्या बनता जा रहा है। दहेज के कारण अनेकों उत्पीडऩ सहने पड़ते हैं। इसके अतिरिक्त कितने ही लोग अश्लील गाने बजाकर महिलाओं को प्रताडि़त करते हैं, उनके साथ अनैतिक कार्य और दुष्कर्म की शिकायतें मिलती हैं।  ऐसे में विद्यमान कानून को मजबूत किया जाए। सभी स्तरों पर महिलाओं के प्रतिनिधित्व को बढ़ाया दिया जाना चाहिए।
---रचना शर्मा, जागरूक महिला
महिलाओं के प्रति हिंसा को रोकने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट की स्थापना की जानी चाहिए। मानव तस्करी के विरुद्ध कानून, राष्ट्रीय तस्करी विरोधी ब्यूरो की स्थापना की जानी चाहिए निर्भया फंड का कुशल क्रियान्वयन किया जाना चाहिए तथा दहेज, बाल विवाह के प्रति सख्त कदम उठाने चाहिए। महिलाओं के प्रति हिंसा की घटना मिलने पर अपराधी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
---बबीता जागरूक महिला
 महिलाओं के प्रति अपराधों को रोकने के लिए महिला थाना, महिला पुलिस अधिकारियों की संख्या बढ़ाना, हेल्पलाइन नंबर फारेंसिक लैब की स्थापना, सार्वजनिक परिवहन में सीसीटीवी, पैनिक बटन लगाना आदि कदम उठाये जा सकते हैं। वही लैंगिक शिक्षा और जागरूकता को बढ़ावा देना चाहिए जिससे इस दिवस की सार्थकता उजागर हो सके। हर महिला को नियम कानून की जानकारी दी जानी चाहिए।
---लक्ष्मी, जागरूक महिला
दुनिया भर में महिलाओं में जागरूकता पैदा करने के लिए हिंसा से बचेे लोगों को आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए यह दिवस मनाना चाहिए। ग्रामीण क्षेत्रों में भी महिलाओं के प्रति हिंसा बढ़ती जा रही है। ऐसे में महिलाओं को उन नियम और कानूनों के प्रति जानकारी देनी चाहिए जो उन्हें मिले हुए हैं। उनके साथ हिंसा की गतिविधियों होने पर सख्त से सख्त कार्रवाई का प्रावधान किया जाना चाहिए वरना आने वाले समय में समस्या और भी गंभीर बन सकती है।
--कविता, जागरूक महिला
फोटो कैप्शन 02:रचना, बबीता, कविता, लक्ष्मी





कनीना की गलियों में सबसे अधिक गंदगी कर रहे कुत्ते
-हर घर के आसपास बैठे मिलते हैं कुत्ते
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कनीना की आवाज। 
कनीना कस्बा की दुर्दशा और गलियों में गंदगी फैलाने में कुत्तों का अहं योगदान होता है। एक ओर जहां कुत्तों को मारने पर प्रतिबंध है वही एक कुत्ते कनीना की गलियों में मल मूत्र त्याग इसका हुलिया ही बिगाड़ रहे हैं। कहीं भी जाए कुत्ते ही कुत्ते नजर आते हैं। यह भी सत्य है कि कुत्ते काटने से रेबीज का रोग होने की संभावना होती है। समय परे एंटी रेबीज के टीके न लगवाए तो भविष्य में जान को खतरा हो सकता है। वैसे तो रहीम ने लिखा है-
रहिमन ओछे नरन ते, बैर भली ना प्रीत।
काटे-चाटे श्वान से, दोउ भाव विपरीत।।
यह सत्य है कुत्ते के काटने और चाटने से इसकी लार इंसान के शरीर में जाने का खतरा बना रहता है, जिससे रेबीज का किसी भी समय रोग हो सकता है। पशु चिकित्सकों की माने तो उनका कहना है कि चाहे एंटी रेबीज के टीकें भी लगवा रखे तब भी कोई जरूरी नहीं है कि कुत्ते के काटने और चाटने से रोग नहीं होगा? ऐसे में कुत्ता पालना बहुत बड़ी मुसीबत मोल लेना होता है और लोग इतना ध्यान कुत्तों पर दे रहे हैं कि इंसान से बेहतरीन खाना एवं रहन-सहन कुत्तों को दिया जा रहा है। कुत्तों को सुबह सवेरे कुछ लोग इधर-उधर ले जाते हैं जिससे वो मलमूत्र त्यागते हैं। कुत्तों के काटने से कनीना में कई मौत हो चुकी है और पहले भी होती आई हैं। एक संत कह रहे थे कि जिस घर में कुत्ता है उस घर का पानी भी पीना नहीं चाहिए। यह भी ठीक है कुत्ता गांव में और शहरों में पालन उचित नहीं लगता। जो लोग गांव और शहर से दूर रहते हैं अगर वह कुत्ता पलते हैं तो बात अलग है क्योंकि उन्हें अपने घर की सुरक्षा करवानी पड़ती है। और अगर गांव और शहर के बीच में रह रहा है तो उन्हें कुत्तरें की जरूरत नहीं के बराबर है।
 इंसान रहीम दिली होने के कारण इन कुत्तों को खाना पीना देता है किंतु उनके बुरे परिणाम नहीं सोचता। अंग्रेज भारतीयों को कुत्ते के समान समझते थे और यहां तक कि ट्रेनों में भी कुत्ते और भारतीयों को अनुमति नहीं दी जाती थी। अगर सुबह सवेरे या शाम के समय गलियों से गुजरे तो केवल गलियों में गंदगी पड़ी नजर आती है और वह भी कुत्तों की होती है। कनीना में आए समग्रदेव संत कह रहे थे कि दुर्भाग्य है कि लोग कुत्ते पालते और गायों को नहीं। अगर कुत्ते की जगह गाय पाली जाये तो घर में रोग दोष सब दूर हो जाते हैं। और देसी गाय पालन तो बहुत लाभप्रद है। देसी गाय आवारा जंतुओं एवं बाहर से आए लोगों को नहीं बख्शती। उन्हें पटकनी देकर ही दम लेती है। ऐसे में कुत्तों से भी ज्यादा रक्षक है होती है देशी गाय। किंतु गाय की बजाय कुत्तों को पालने का शौक बढ़ता ही जा रहा है।




पतंजलि योगपीठ के संतों ने किया श्रीकृष्ण गौशाला कनीना का दौरा
- कुत्ते की बजाय पालना चाहिए गाय को -समग्र देव
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कनीना की आवाज। 
पतंजलि योगपीठ से तीन संतों ने कनीना की श्रीकृष्ण गौशाला का दौरा किया और गायों की देखरेख तथा उपलब्ध संसाधनों की जानकारी ली। उन्होंने केवल गायों को ही नहीं अपितु उन्नत नस्ल के सांडों को भी देखा।
 स्वामी समग्रदेव ने कहा कि आज के युग में लोग कुत्ता पालने में जरूर विश्वास करते हैं किंतु गाय नहीं पालते जो हमारे लिए बड़े शर्म की बात है। जो कुत्ता पालने की शौकीन है उनको गाय पालनी चाहिए ताकि घर में अमृत तुल्य दूध उपलब्ध हो सके वही घर में सुख समृद्धि का वास हो सके। उन्होंने कहा कि आज के दिन संसाधनों की कमी नहीं है। लोग तन, मन और धन किसी भी रूप में सेवा कर सकते हैं। हमारे देश में गाय को मां का दर्जा दिया गया है। अगर हम गाय की सेवा करेंगे तो निश्चित रूप से घर परिवार आगे बढ़ेगा, रोग दोष सब दूर होंगे तथा एक सकारात्मक संदेश लोगों तक जाएगा। उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से गायों की सेवा कार्य हमारे देश की परंपरा रही है। गाय को गौमाता का दर्जा दिया हुआ है और गौ माता की सेवा नहीं कर सकते तो वो अपने परिवार की सेवा कैसे कर पाएंगे? सभी को किसी न किसी रूप में सेवाभाव दर्शाते हुए गौशाला आना चाहिए और गायों की सेवा करनी चाहिए।
 इस मौके पर प्रधान श्रीकृष्ण गौशाला भगत सिंह ने कहा कि हर इंसान गायों की सेवा नहीं कर सकता। प्रत्यक्ष रूप से सेवा नहीं कर सकता तो परोक्ष रूप से सेवा तो कर ही सकता है । उन्होंने बताया कि सभी घरों में इतना स्थान उपलब्ध नहीं होगा जहां गाय की सेवा कर सके तो उनके लिए गाय गोद लेने की परंपरा शुरू कर रखी है ताकि वह एक साल भर के लिए गायों के लिए चार आदि का प्रबंध कर जाए। ऐसे में वह गाय गोद लेकर परोक्ष रूप से गायों की सेवा कर रहा होता है। उन्होंने कहा कि गाय की सेवा से निश्चित रूप से ही रोग दोष दूर होते हैं, वही गायों की सेवा ईश्वर की सेवा से कम नहीं है। उन्होंने लगातार गायों की सेवा करने पर बल दिया।
  इस मौके पर नरेश कौशिक प्राचार्य ने उपस्थित लोगों से कहा कि गाय हर घर में पालने का प्रण लेना चाहिए ताकि उस घर में सदा समृद्धि और पुण्य कार्य चलते रहे। गायों की सेवा से सभी पाप दूर हो जाते हैं। इस मौके पर स्वामी समग्रदेव के अतिरिक्त रामानंद महाराज तथा श्रीदेव महाराज ने भी अपने-अपने विचार व्यक्त किये और बताया कि गौशाला में उत्तम दर्जे के प्रबंध कैसे किये जा सकते हैं। श्री कृष्ण गौशाला कनीना में आज सुबह स्वामी समग्र देव , स्वामी रामानंद , स्वामी शील देव महाराज ने दौरा कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। व्यवस्थाओं को देखकर महाराज  काफी खुश नजर आए । इस अवसर पर उन्होंने गौ माता को अपने हाथों से गुड भी खिलाया। स्वामी समग्र देव ने कहा कि गौ सेवा मानव का परम धर्म है, मनुष्यों को गौ सेवा अवश्य करनी चाहिए। उन्होंने लोगों को प्रेरित करते हुए कहा कि अपने क्षेत्र में जहां भी गौशाला है वहां पर उन्हें अपनी सेवाएं देना चाहिए व गौ माता के संरक्षण व संवर्धन के लिए आगे आना चाहिए। उन्होंने कनीना गौशाला के प्रधान व उनकी टीम को शाबाशी दी व उनकी पीठ थपथपाई। उन्होंने कहा गौशाला में गोद लेने की यह जो अनूठी पहल की गई है यह सराहनीय है। लोगों को इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए ताकि गौ माता की सेवा हो सके। इस अवसर पर गौशाला प्रधान भगत सिंह ने कहा कि आज हमें समग्र देव महाराज व अन्य महाराज का सानिध्य प्राप्त हुआ है  बड़ी खुशी की बात है। उन्होंने बताया की जल्दी ही गौशाला को नया लुक दिया जा रहा है व हाईटेक  बनाया जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताते हुए कहा कि हम इस मिशन में कामयाब होंगे और कुछ समय बाद प्रदेश व अन्य प्रदेशों  के लोग गौशाला को देखने के लिए आएंगे इस अवसर पर प्राचार्य नरेश कौशिक, मास्टर रामप्रताप, रामपाल,मास्टर कृष्ण सिंह, लक्ष्मी सिंह, राज सिंह, प्रवक्ता हरिओम शर्मा सहित अन्य गौ भक्त मौजूद रहे।
 इस मौके पर प्रोफेसर डा. हरिओम शर्मा, तुलसी सोनी, बलवान आर्य, कृष्णा गुरुजी, अजय कुमार, रामप्रताप पूर्व शिक्षक, नवीन कुमार यदुवंशी, नरेंद्र फौजी सहित अनेक लोग  उपस्थित रहे और उन्होंने नए केवल संतों के विचार सुने अपितु अपने विचार भी व्यक्त किये।
फोटो कैप्शन 01: गायों को गुड़ देते हुए संत
         02: लोगों को संबोधि









त करते हुए।



गीता प्रश्नमाला में भाग लेने वाले डाउनलोड करें अपनी-अपनी सर्टिफिकेट
--सभी प्रतिभागियों की आ चुकी हैं सर्टिफिकेट्स
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कनीना की आवाज।
 गीता प्रश्नमाला जो चार नवंबर से 14 नवंबर तक चली थी जिसमें कनीना निवासी डा. होशियार सिंह यादव द्वारा गीता प्रश्नमाला में 757 गीता भक्तों को जोड़ा था। जिनमें कई इनाम भी आए हैं लेकिन जिनको इनाम नहीं आए उनके लिए भी सर्टिफिकेट का प्रावधान है। वैसे तो सर्टिफिकेट का सभी भक्तों के लिए प्रावधान किया गया है। इसलिए 757 भक्तों से निवेदन है कि वो निम्र लिंक https://igmquiz.in/Webloginkkr.aspx
     पर जाकर अपने फोन नंबर और पासवर्ड/ओटीपी लगाकर लिंक को खोले और सर्टिफिकेट डाउनलोड करें। ऐसे डाउनलोड करें सर्टिफिकेट--
1. सबसे पहले https://igmquiz.in/Webloginkkr.aspx लिंक पर जाए
2. फोन नंबर तथा पासवर्ड/ओटीपी डालें
3. अगर पासवर्ड भूल गए हो तो फारगेट करके नए पासवर्ड के लिए रिक्वेस्ट डाले तुरंत पासवर्ड आ जाएगा।
4. ज्यों ही लागिन करते हैं अर्थात फोन नंबर और पासवर्ड डालकर लागिन करते हैं नीली लाइनों में लिखा मिलेगा सर्टिफिकेट डाउनलोड। सर्टिफिकेट डाउनलोड करके लेमिनेशन लगवा कर घर में टांग सकते हैं ताकि गीता के प्रति आपकी रुचि को इंगित कर सके। किसी भी प्रकार की डाउनलोड में दिक्कत हो तो निसंकोच 9416348 400 या 9306300700 पर संपर्क करें, डा. होशियार सिंह समझा देंगे की किस प्रकार सर्टिफिकेट डाउनलोड करनी है।
 होशियार सिंह को मिली है पांच सर्टिफिकेट -
उधर डा. होशियार सिंह यादव ने गीता प्रश्रमाला में 757 भक्तों को जोड़ा था जिसके चलते कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड तथा हरियाणा सरकार ने उन्हें 5 सर्टिफिकेट प्रदान किए हैं। इसके लिए डा. होशियार सिंह सभी भक्तों और उन सभी लोगों का आभार व्यक्त करते हैं जिन्होंने उनकी इस क्षेत्र में सहायता की है। विगत 3 वर्षों से यह सर्टिफिकेट पाने वाले एकमात्र शख्सियत डा. होशियार सिंह बन चुके हैं।

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